Dehradun: विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने वाली कंसलटेंसी पकड़ी, कई युवाओं को दिए थे फर्जी ऑफर लेटर
दो युवकों का एक वीडियो वायरल हुआ था। इसमें एक खुद को सुरजीत सिंह नेगी और दूसरा चमन सिंह राणा निवासी टिहरी गढ़वाल बता रहा था। दोनों सरकार से खुद को आर्मेनिया से निकालने की गुहार लगा रहे थे। जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ।
विस्तार
खुद को आर्मेनिया से निकालने की गुहार लगा रहे दो युवकों का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने एक कंसलटेंसी पर छापा मारा। यहां से बहुत से युवाओं के पासपोर्ट और फर्जी ऑफर लेटर बरामद हुए। इन युवकों को भी इसी कंसलटेंसी ने आर्मेनिया में फर्जी ऑफर लेटर लेकर भेजा था। पुलिस ने इसके संचालक दंपती और उनके दो दोस्तों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। आरोपी पुलिस के छापे की भनक लगते ही मौके से भाग निकले। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि दो युवकों का एक वीडियो वायरल हुआ था। इसमें एक खुद को सुरजीत सिंह नेगी और दूसरा चमन सिंह राणा निवासी टिहरी गढ़वाल बता रहा था। दोनों सरकार से खुद को आर्मेनिया से निकालने की गुहार लगा रहे थे। उन्होंने वर्क एब्रोड नाम की कंसलटेंसी फर्म पर आरोप लगाया कि इसके संचालकों ने पैसे लेकर उन्हें आर्मेनिया भेजा था। उन्हें एक कंपनी का ऑफर लेटर भी दिया गया था। इससे पहले उन्हें अजर बेजान भी भेजा गया था। इस मामले में पुलिस ने पड़ताल की तो पता चला कि वर्क एब्र्रोड कंसलटेंसी चंद्रबनी श्रीराम चौक पर संचालित की जा रही है।
Roorkee Crime: डंडे से पीट-पीटकर प्राइवेट स्कूल के चौकीदार की हत्या, CCTV में कैद हुई घटना
एसओजी प्रभारी आईएसबीटी चौकी प्रभारी देवेश खुगशाल के साथ मौके पर पहुंचे और पड़ताल की। पुलिस ने वहां से लैपटॉप, मोबाइल फोन, मार्कशीअ, जॉब ऑफर लेटर, पासपोर्ट, कांट्रेक्ट एग्रीमेंट और अन्य दस्तावेज बरामद किए। यहां मौजूद मिली कंपनी की एचआर श्रेया से पूछताछ की गई। उसने बताया कि इस फर्म को अंकुल सैनी, उसकी पत्नी तराना सैनी चलाते हैं। साथ में तराना सैनी का भाई लवि और एक अन्य मित्र दिव्यांशु भी यहां पर काम करते हैं। एसएसपी ने बताया कि इन चारों के खिलाफ जालसाजी और धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
इंस्टाग्राम के माध्यम से फंसाते हैं युवाओं को
युवाओं को फंसाने के लिए यह फर्म सोशल मीडिया का सहारा लेती है। इसके लिए इंस्टाग्राम पर वीडियो अपलोड किए जाते हैं। इसमें उन्होंने वर्क एब्रोड कंसलटेंसी नाम से आईडी बनाई हुई है। दावा किया जाता है कि वे विभिन्न देशों में नामी कंपनियों में नौकरी दिला सकते हैं। इसके साथ में कंसलटेंसी के मोबाइल नंबर आदि भी डाले जाते हैं। लोग इस पर संपर्क करते हैं और इनके जाल में फंस जाते हैं।
लवि और दिव्यांशु तैयार करते हैं ऑफर लेटर
मौके से बहुत से ऑफर लेटर बरामद हुए है। ये विभिन्न कंपनियों के नाम से तैयार किए गए हैं। एसएसपी ने बताया कि इन ऑफर लेटर को दिव्यांशु और तराना का भाई लवि तैयार करता है। पुलिस ने वहां से छपाई सामग्री भी बरामद की है।