उत्तराखंडः शिक्षा मंत्री समेत 22 लोगों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी, पढ़ें पूरा मामला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर में एसीजेएम/सिविल जज (सी.डि) की अदालत ने शिक्षामंत्री अरविंद पांडे, विधायक हरभजन सिंह चीमा, राजकुमार ठुकराल और आदेश चौहान के साथ ही पूर्व सांसद बलराज पासी समेत 22 लोगों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। कोर्ट ने सरकार की ओर से जनहित में मुकदमा वापस लेने के लिए दाखिल प्रार्थना पत्र को सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
जून 2012 में जसपुर में एक युवती को दूसरे समुदाय का युवक भगा ले गया था। इसकी रिपोर्ट 26 जून को जसपुर कोतवाली में दर्ज कराई गई थी। 15 जुलाई 2012 को भाजपा नेताओं संग लोगों ने युवती की बरामदगी की मांग को लेकर सुभाष चौक के सामने हाईवे पर जाम लगा दिया था। तत्कालीन एएसपी जेआर जोशी के नेतृत्व में पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर कर जाम खुलवाया।
तत्कालीन कोतवाल जेसी पाठक की तहरीर पर पूर्व सांसद बलराज पासी, काशीपुर विधायक हरभजन सिंह चीमा, गदरपुर विधायक (अब मंत्री) अरविंद पांडे, रुद्रपुर विधायक राजकुमार ठुकराल, आदेश चौहान, खिलेंद्र चौधरी, सीमा चौहान समेत 15 लोगों को नामजद करते हुए अन्य लोगों के खिलाफ सरकारी कामकाज में बाधा डालने और धार्मिक उन्माद फैलाने के आरोप में केस दर्ज किया था। मामले की विवेचना तत्कालीन एसएसआई भीम भास्कर आर्य ने की।
न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल होने पर आरोपी पक्ष ने 22 अगस्त 2014 को हाईकोर्ट में याचिका दायर कर एफआईआर को चुनौती दी। 26 जुलाई 2019 को सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी। सिविल जज (सि.डि)/एसीजेएम न्यायालय ने सभी आरोपियों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिए थे।
इसके बाद सरकार की ओर से अभियोजन अधिकारी के माध्यम से जनहित में केस वापस लेने के लिए प्रार्थना पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। एसीजेएम/सिविल जज (सी.डि) विनोद कुमार बर्मन ने सुनवाई के बाद प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया और शिक्षा मंत्री समेत 22 लोगों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिए।
पूर्व में गिरफ्तार दो आरोपियों को मिल चुकी है जमानत
जसपुर में एनएच पर यातायात अवरुद्ध करने और उन्माद फैलाने के आरोप में गिरफ्तार हो चुके दो आरोपियों को जमानत मिल चुकी है। पूर्व में गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद जसपुर पुलिस ने 31 अगस्त को ग्राम मनोरथपुर निवासी हरप्रीत सिंह हैप्पी और पतरामपुर निवासी अशोक कुमार को गिरफ्तार किया था।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को सिविल जज (सि.डि.) /एसीजेएम न्यायालय की अदालत में पेश किया। अदालत ने दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। बाद में आरोपियों के जमानती प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करने पर अदालत ने दोनों आरोपियों की जमानत मंजूर कर ली थी।