फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   no vaccination of children than No admission in school

उत्तराखंड में बच्चों का टीकाकरण नहीं तो स्कूल में एडमिशन नहीं

Sat, 05 Jan 2019 09:15 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Sat, 05 Jan 2019 09:15 PM IST
विज्ञापन
no vaccination of children than No admission in school
- फोटो : डेमो

राज्य में उत्तराखंड बोर्ड, सीबीएसई व आईसीएसई बोर्ड के अधीन संचालित प्ले ग्रुप, नर्सरी स्कूलों में बच्चों को प्रवेश दिलाते समय अभिभावकों को बच्चों का टीकाकरण प्रमाणपत्र प्रस्तुत करना होगा। इस संबंध में ‘टीकाकरण प्रमाणपत्र की अनिवार्यता नीति’ लागू कर दी गई है। स्वास्थ्य महानिदेशक की ओर से भी इस संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं।

विज्ञापन


स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. टीसी पंत की ओर से जारी किए गए आदेश में बताया गया है कि टीकाकरण प्रमाणपत्र की अनिवार्यता नीति के तहत यह सुनिश्चित किया जाए कि राज्य के हर एक बच्चे का प्ले ग्रुप, नर्सरी व पहली कक्षा में प्रवेश के समय उसका टीकाकरण पूरा हो चुका है। जिस क्षेत्र में बच्चा परिजनों के संग निवास करता है उस क्षेत्र के स्वास्थ्य कार्यकर्ता टीकाकरण के आधार पर यह प्रमाणपत्र जारी करेंगे कि बच्चे का टीकाकरण पूरा किया जा चुका है। कोई भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न हो जाए, इसके लिए ‘यूनिवर्सल टीकाकरण कार्यक्रम’ संचालित किया जाएगा। 
विज्ञापन


स्वास्थ्य महानिदेशक की ओर से जारी किए गए आदेश में कहा गया है कि सरकारी अस्पतालों के अलावा निजी अस्पतालों के डॉक्टरों द्वारा जारी किए गए टीकाकरण प्रमाणपत्र को भी वैध माना जाएगा। जिन बच्चों का पूरा टीकाकरण नहीं होगा और उनके पास प्रमाणपत्र नहीं होगा, स्कूल प्रबंधन को ऐसे बच्चों को चिन्हित कर उनकी सूची तैयार करनी होगी और उस सूची को क्षेत्र के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी को भेजना होगा। ताकि स्वास्थ्य विभाग की ओर से उस क्षेत्र की एएनएम व आशा कार्यकर्ता को भेजकर बच्चों का टीकाकरण कराया जा सके। 
विज्ञापन
विज्ञापन


अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. सरोज नैथानी ने बताया कि इस संबंध में सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को विधिवत आदेश जारी कर दिए गए हैं। टीकाकरण प्रमाणपत्र की अनिवार्यता नीति को कड़ाई से लागू कराने को कहा गया है। सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वह अपने-अपने जिलोें में संचालित स्कूलों के प्रधानाचार्य से वार्ता कर टीकाकरण प्रमाणपत्र की नीति के बारे में भी चर्चा करें। 


उल्लेखनीय है कि बच्चों का टीकाकरण नहीं होने से उन्हें खसरा, मीजल्स रूबैला जैसी बीमारियां होने का खतरा रहता है। बच्चों को इन बीमारियों से बचाने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से पूरे देश में टीकाकरण अभियान भी चलाया जा रहा है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed