{"_id":"3dcbeb74f12480fa1e8db8fc11c1e116","slug":"no-earning-leave-for-teachers-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"नहीं मिलेगा छुट्टी में काम का इनाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नहीं मिलेगा छुट्टी में काम का इनाम
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Sun, 09 Nov 2014 10:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड में गर्मी की छुट्टियों में पंचायत चुनाव ड्यूटी करने वाले हजारों शिक्षक इनाम के रूप में मिलने वाली अतिरिक्त ईएल (उपार्जित अवकाश) से महरूम रह जाएंगे।
विज्ञापन
कम से कम 15 दिन की ड्यूटी अनिवार्य
दरअसल आदेश के अनुसार इस सुविधा के लिए चुनाव में कम से कम 15 दिन की ड्यूटी अनिवार्य है। लेकिन, शिक्षकों ने 10 से 12 दिन ही चुनाव ड्यूटी की थी। जबकि, हकीकत यह है कि चुनाव के मद्देनजर शिक्षक छुट्टियों में भी अपना स्टेशन नहीं छोड़ पाए थे।
विज्ञापन
पंचायत चुनाव के दौरान स्टेशन न छोड़ने के आदेश के कारण शिक्षक 24 मई से 30 जून तक तैनाती स्थल पर ही मौजूद रहे। चुनाव ड्यूटी के बदले शिक्षकों ने कम से कम 23 दिन ईएल की मांग की थी। लेकिन न्यूनतम 15 दिन की ड्यूटी के शिक्षा निदेशक के आदेश ने मामले को उलझा दिया है।
विज्ञापन
शिक्षकों को ट्रेनिंग में अधिकतम छह दिन, मतगणना में दो दिन, निर्वाचन कार्य में एक दिन और घर से ड्यूटी आने-जाने में एक से दो दिन का समय लगा। इस कारण कई शिक्षकों का 15 दिन ड्यूटी का मानक पूरा नहीं हो पा रहा है।
शिक्षकों को 24 मई को स्टेशन न छोड़ने के आदेश हुए थे, 30 जून तक चुनाव हुए। ऐसे में शिक्षक 36 दिन स्टेशन छोड़कर बाहर नहीं जा सके, लेकिन चुनाव ड्यूटी 10 से 12 दिन ही रही। ऐसे में शिक्षकों को अतिरिक्त ईएल का लाभ नहीं मिल पाएगा।
- संजय गर्ग, प्रिंसिपल जीआईसी कटापत्थर
शासन आदेश ही मुख्य शिक्षा अधिकारियों को भेजा गया है। इस आदेश से अधिकतर शिक्षकों को ईएल का लाभ मिल रहा है। मामले में शासन से वार्ता के बाद इसमें संशोधन किया जाएगा।
- चंद्र सिंह ग्वाल, शिक्षा निदेशक