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हरिद्वार: नागरिकता संशोधन बिल के खिलाफ सड़कों पर उतरे, मुस्लिम समाज ने की वापस करने की मांग
Sun, 15 Dec 2019 10:36 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Sun, 15 Dec 2019 10:36 AM IST
सार
- मुस्लिम समाज ने विरोध प्रदर्शन कर उठाई बिल को वापस कराने की मांग
- लोगों ने प्रदर्शन कर राष्ट्रपति के नाम नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा
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विरोध जताते मुस्लिम समुदाय के लोग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हरिद्वार जिले में भी नागरिकता संशोधन विधेयक का विरोध हो रहा है। शुक्रवार को नागरिकता संशोधन बिल का विरोध करते हुए ज्वालापुर में जमीयत उलेमा ए हिंद और मुस्लिम आरक्षण संघर्ष समिति के बैनर तले मुस्लिम समाज के लोगों ने प्रदर्शन कर राष्ट्रपति के नाम नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने विधेयक को वापस लिए जाने की मांग की।
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ईदगाह रोड स्थित मदरसा दारुल उलूम के पास आयोजित प्रदर्शन के दौरान मौलाना आरिफ ने कहा कि संसद से पारित किया नागरिकता संशोधन बिल सांप्रदायिकता से प्रेरित और संविधान विरोधी है। इससे देश के धार्मिक आधार पर बंटवारे का खतरा उत्पन्न हो गया है। उन्होंने इसे संविधान के अनुच्छेद 14 का भी उल्लंघन बताया और राष्ट्रपति से इसे वापस कराने की अपील की।
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पूर्व दायित्वधारी हाजी नईम कुरैशी ने कहा कि पारित विधेयक के अनुसार दूसरे देशों से आने वाले शरणार्थियों को देश की नागरिकता देने का प्रावधान किया गया है, लेकिन विधेयक में मुस्लिम समाज को छोड़ दिया गया है।
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पूर्व दायित्वधारी मकबूल कुरैशी ने कहा कि देश को अंग्रेजों की दासता से मुक्त कराने तथा आजादी के बाद मुस्लिम समाज ने देश की तरक्की में सभी के साथ मिलकर योगदान किया, लेकिन आज धर्म के आधार पर मुस्लिम समाज के साथ भेदभाव किया जा रहा है। हाजी रफी खान ने कहा कि यह विधेयक देश को तोड़ने की साजिश है।
मुस्लिम आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष सुहेल अख्तर ने कहा कि धार्मिक आधार पर लागू किए जा रहे नागरिक संशोधन विधेयक को कतई मंजूर नहीं किया जाएगा। इस दौरान छम्मा ठेकेदार, सद्दीक गाड़ा, इसरार अहमद, रियासत गौड़, हाजी इरफान अंसारी, फुरकान एडवोकेट, अकरम चौधरी, परवेज, साजिद हसन, जफर अंसारी, काजी चांद, जफर अब्बासी, जॉनी अंसारी, शोएब अंसारी, फैज आलम, सलीम ख्वाजा, दिलशाद मंसूरी, लईक अंसारी, शाहनवाज कुरैशी, इरफान भट्टी, छम्मन पीरजी समेत बड़ी संख्या में लोगों ने विचार रखे। बाद में राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा गया।
कैब बिल के विरोध में किया प्रदर्शन
धनौरी में शुक्रवार को घाड़ क्षेत्र के मुस्लिम समाज के लोगों ने सीएबी बिल के खिलाफ ओबीसी बैंक के सामने नरेंद्र मोदी और अमित शाह के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला दहन किया और बिल वापस लेने की मांग की।
इस मौके पर एजाज अली ने सरकार के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि अगर सरकार इस बिल को वापस नहीं लेती है तो बड़ा आंदोलन होगा। मुजम्मिल अंसारी ने कहा कि देश में हिंदू मुस्लिम सिख ईसाई सभी को रहने का हक है। कोई बाहर से नहीं आया है। रईस अहमद ने कहा कि भाजपा सरकार हर मोर्चे पर फेल हुई है। लोगों का ध्यान विफलता से हटाने को लेकर विवादित मुद्दे उठाए जा रहे हैं।
विरोध प्रदर्शन में परवेज आलम, भूरा प्रधान, अब्दुल समद, अफजल ठेकेदार, नदीम, सुरेंद्र कुमार, अमरीश कुमार, उस्मान अली, महबूब आलम, राजेश कुमार, सालम ठेकेदार, रिजवान, सनाउल हक, शहजाद ठेकेदार, मीम, सुलेमान, साजिद, हाफिज आबिद, तिरलोक सिंह, फरमान ठेकेदार, नसीब आलम, अशोक कुमार, अनीस अहमद, शाहरुख, निसार ठेकेदार व राशिद रावत आदि मौजूद रहे।