गंगोत्री हाईवे पर पहाड़ी का बड़ा हिस्सा दरका, पहाड़ी टूटने से मजदूर की मौत, कैलाश यात्रा मार्ग बंद
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उत्तरकाशी-गंगोत्री हाईवे स्वारीगाड़ के पास भूस्खलन होने से अवरुद्ध हो गया। भूस्खलन का मलबा गिरने से यहां काम कर रही बीआरओ की एक पोकलेंड मशीन और एक ट्रक को भी क्षति पहुंची। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद यहां यातायात बहाल कर लिया गया।
बृहस्पतिवार को बीआरओ के जवान स्वारी गाड के पास गंगोत्री हाईवे के संकरे हिस्से को चौड़ा कर रहे थे। इस दौरान शाम करीब पौने पांच बजे अचानक पहाड़ का बड़ा हिस्सा दरक गया। जिससे यहां काम कर रही बीआरओ की एक पोकलेंड मशीन और एक ट्रक मलबे की चपेट में आ गए।
भूस्खलन से गंगोत्री हाईवे भी अवरुद्ध हो गया। जिसके चलते दोनों ओर यात्री वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना मिलते ही भटवाड़ी चौकी से पुलिस और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंच गई।
हादसे में कोई हताहत नहीं है। बीआरओ ने तत्काल भारी मशीनें लगाकर यहां मलबा हटाने का काम शुरू किया। करीब डेढ़ घंटे बाद मलबा साफ कर यहां वाहनों की आवाजाही सुचारू कर ली गई।
पहाड़ी टूटने से मजदूर की मौत, कैलाश यात्रा मार्ग बंद
पिथौरागढ़ के जयकोट और पांगला के बीच पहाड़ी टूटने से सड़क निर्माण में लगे एक मजदूर की मौत हो गई। पहाड़ी से बड़ी तादाद में बोल्डर-मलबा गिरने से कैलाश यात्रा मार्ग बंद हो गया है।
बृहस्पतिवार सुबह करीब 11 बजे जयकोट के गस्कू तोक और पांगला के बीच घोपटापानी पर एकाएक पहाड़ी दरक गई। बोल्डरों की चपेट में आने से पांगला निवासी दलीप सिंह (52 ) पुत्र प्रताप सिंह नदी में छिटक गया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना पर सोसा से राजस्व टीम और पांगला थाने से एसओ नरेंद्र सिंह जवानों के साथ मौके पर पहुंचे। धारचूला से घटनास्थल गई एसडीआरएफ की टीम ने शव को निकालकर धारचूला पहुंचाया।
शव का धारचूला में ही पोस्टमार्टम किया जाएगा। मृतक मजदूर की दो बेटियां और एक बेटा है। दलीप सिंह की मजदूरी से ही परिवार का भरण पोषण होता था। परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य की मौत से परिजन गहरे सदमे में हैं।
बताया जा रहा है कि जिस स्थान पर पहाड़ी से बोल्डर गिरे वहां से कुछ ही मिनट पहले यात्रियों से भरी एक जीप गुजरी थी। यदि जीप के गुजरने में थोड़ी सी भी देरी हुई होती तो बड़ा हादसा हो सकता था। पहाड़ी से भारी मलबा गिरने से देर शाम तक कैलाश यात्रा मार्ग नहीं खुला था।