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हिमाचल की तर्ज पर निर्धारित हो मोटरयान टैक्स: नेगी
Wed, 29 Jan 2020 12:54 AM IST
देहरादून ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Wed, 29 Jan 2020 12:54 AM IST
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- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
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जन संघर्ष मोर्चा ने प्रदेश में हिमाचल की तर्ज पर मोटरयान टैक्स वसूलने की मांग की है। मंगलवार को मोर्चा के कार्यालय में हुई पत्रकार वार्ता में मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि उत्तराखंड सरकार वर्तमान में वाहन पंजीकरण पर वाहन की कीमत के हिसाब से टैक्स वसूलती है।
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पांच लाख कीमत तक के वाहन पर आठ फीसदी, पांच लाख से 10 लाख तक के वाहन पर नौ फीसदी और 10 लाख से ऊपर के वाहनों पर 10 फीसदी टैक्स निर्धारित किया हुआ है, जबकि पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश में एक हजार सीसी से कम क्षमता वाले वाहनों पर ढाई फीसदी और एक हजार सीसी से अधिक क्षमता वाले वाहनों पर तीन फीसदी टैक्स निर्धारित है।
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नेगी ने कहा कि हैरानी की बात यह है कि उत्तराखंड सरकार की ओर से वाहन स्वामियों से जो टैक्स वसूला जाता है, वह एक्स शोरूम प्राइस के हिसाब से वसूला जाता है। पूर्ववर्ती सरकार के समय में वर्ष 2015 में 10 लाख तक की कीमत वाले वाहनों पर छह फीसदी और 10 लाख से ऊपर वाले वाहनों पर आठ फीसदी टैक्स निर्धारित था, लेकिन वर्तमान सरकार ने और ज्यादा टैक्स बढ़ाने का काम किया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड जैसे प्रदेश में जहां प्रतिवर्ष हजारों वाहन विक्रय होते हैं, ऐसे में प्रदेश सरकार को हिमाचल के अनुरूप टैक्स लागू करना चाहिए। इससे जनता को बड़ी राहत मिलेगी। पत्रकार वार्ता में विजयराम शर्मा, दिलबाग सिंह, मोहम्मद असद, प्रवीण शर्मा पिन्नी मौजूद रहे।
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