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खाना बनाते वक्त सिलिंडर फटने से चार झोपड़ियां जलकर हुईं राख, चार लोग बुरी तरह झुलसे
Mon, 07 Oct 2019 08:37 AM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हल्दूचौड़ (नैनीताल)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हल्दूचौड़ (नैनीताल)
Published by: अलका त्यागी
Updated Mon, 07 Oct 2019 08:37 AM IST
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झोपड़ियों में लगी आग
- फोटो : अमर उजाला
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नैनीताल के मोटाहल्दू के सूफी भगवानपुर गांव में खाना बनाने के दौरान सिलिंडर फटने से चार बटाईदारों की झोपड़ियां जल गईं। इससे झोपड़ियों में रखी हजारों रुपये की नकदी, जेवर, अनाज, बिस्तर, कपड़े जल गए, जबकि आग बुझा रहे चार लोग झुलस गए, जिनका हल्द्वानी में इलाज कराया गया। वहीं, अग्निशमन दल ने आग पर काबू पाया।
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बहेड़ी (उप्र) निवासी खेमकरन पुत्र स्व.दोधराज भगवानपुर गांव में कांति बल्लभ पुत्र हरिदत्त के खेतों में वर्षों से बटाई का कार्य करता है।
इस काम में उसके साथ उसकी मां नन्ही देवी, भाई ओमदर्शन और चाचा कल्लू भी काम करते हैं। ये सभी मजदूरी भी करते हैं। इनकी भगवानपुर में आसपास चार झोपड़ियां हैं। रविवार सुबह सभी लोग मजदूरी करने गए। घर पर खेमकरन की पत्नी और उसकी बहन नंदकिशोरी थीं। नंदकिशोरी ने रसोई में दाल रखी हुई थी।
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इसी बीच, सिलिंडर में अचानक रिसाव होने से आग लग गई। आग बढ़ती हुई आसपास स्थित खेमकरन की मां, भाई और चाचा की झोपड़ियों तक फैल गई। आसपास के लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया।
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तभी गैस सिलिंडर फट गया और आग बुझाने में लगे ग्रामीण विपिन कबड़वाल, चंपा कबड़वाल, मीनाक्षी एवं कल्लू निवासी सूफी भगवानपुर झुलस गए, जिन्हें हल्द्वानी चिकित्सालय भेजा गया है। क्षेत्रीय विधायक नवीन दुम्का ने मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है।
किसका क्या जला
अग्निकांड में खेमकरन की मजदूरी से कमाए हुए 17 हजार रुपये, पत्नी का मंगल सूत्र, पाजेब, चार क्विंटल अनाज, नन्ही देवी के अपनी पुत्री नंदकिशोरी की शादी के लिए मजदूरी से कमाए हुए 20 हजार रुपये, अनाज, बिस्तर, नंद किशोरी के बीए द्वितीय वर्ष के अलावा अन्य कक्षाओं के दस्तावेज, कापी-किताबें, चाचा कल्लू की 20 हजार की नकदी एवं अन्य सामान, खेमकरन के भाई ओमदर्शन के मजदूरी से कमाए हुए 10 हजार रुपये और घर का सारा सामान जल गया।