सत्ता संग्राम 2019: चुनाव में कितने रावत आ जाएं फर्क नहीं पड़ेगा- भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट
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लोकसभा की पांचों सीटों पर प्रत्याशियों के एलान के बाद भाजपा की सेना प्रचार युद्ध में उतर गई है। 2017 का विधानसभा और फिर निकाय चुनाव के बाद अब प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट के नेतृत्व में भाजपा 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ने जा रही है। राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह से पिछली चुनावी जीतों का श्रेय ले चुके भट्ट इस बार खुद नैनीताल लोकसभा सीट से मैदान में हैं। ऐसे में उनके कंधों पर चुनाव अभियान व प्रबंधन और खुद की चुनावी जंग लड़ने की जिम्मेदारी है। इन चुनौतियों के बीच खुद की जीत और पांचों सीटों पर भाजपा का कब्जा कैसे बरकरार रहेगा, ऐसे कई प्रश्न हैं। अमर उजाला के मुख्य संवाददाता राकेश खंडूड़ी ने उनसे पार्टी की चुनावी रणनीति और उनके चुनाव को लेकर बातचीत की। पेश है बातचीत के प्रमुख अंश...
सवाल: चुनाव में आपके सामने सबसे बड़ी चुनौती क्या है।
जवाब: कोई चुनौती नहीं है। हमारी आज की तैयारी नहीं है। जिला, मंडल, शक्ति केंद्र व बूथ तक का सांगठनिक तानाबाना केवल चुनाव में सक्रिय नहीं रहता। हम 12 महीने काम करते हैं। भाजपा अकेली पार्टी है जो शांतिकाल में भी अभ्यास करती है और ये तो चुनाव है।
सवाल: प्रदेश के मतदाता आपकी पार्टी और आपको वोट क्यों दें।
जवाब: इसका सबसे बड़ा कारण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं। पूरा देश जान गया है कि ये देश उन्हीं के हाथों में सुरक्षित है। भाजपा जनता से केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार की उन योजनाओं के आधार पर वोट मांग रही है, जिसने प्रदेश और देश के विकास में नई क्रांति ला दी है। पहली बार गरीब तबके के चूल्हे चौके की चिंता हुई। गरीब सवर्णों के आरक्षण का फैसला हुआ। घरों में काम करने वाले वर्ग के भविष्य को सुरक्षित बनाने का ख्याल किया गया। जाहिर तौर पर तयशुदा हार से कांग्रेस बौखला गई है। कांग्रेस का दिमागी संतुलन गड़बड़ा गया है। राहुल गांधी शिष्टाचार भूल गए हैं। वह प्रधानमंत्री के लिए अलोकतांत्रिक और अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं। मगर हमने अपने कार्यकर्ताओं से कहा है कि वे संयम बरतें। कांग्रेस के उकसावे में न आएं।
सवाल: पार्टी के भीतर चर्चा है कि भगत सिंह कोश्यारी नाराज हैं। क्या उनका आशीर्वाद चुनाव में मिलेगा।
जवाब: कोश्यारी जी नाराज नहीं हो सकते। मुझे ही नहीं सभी प्रत्याशियों को उनका आशीर्वाद है। उन्होंने कई लोगों को मौका दिया। नई पीढ़ी के कई लोग जो आज उच्च पदों पर हैं। इसमें कहीं न कहीं खंडूड़ी, कोश्यारी सरीखे वरिष्ठ नेताओं का ही आशीर्वाद है। उन्हीं के कहने पर पार्टी ने मुझे टिकट दिया है। मैं मानसिक तौर पर तैयार नहीं था। मुझे भरोसा था कि कोश्यारी जी मान जाएंगे, लेकिन उन्होंने कहा कि एक उम्र के बाद चुनाव लड़ना ठीक नहीं है। उनके मार्गदर्शन के बिना हम आगे बढ़ ही नहीं सकते हैं।
सवाल: नैनीताल में आपके सामने हरीश रावत हैं। मुकाबला कितना दिलचस्प होने वाला है।
जवाब: चुनाव में कोई भी आए। राहुल गांधी भी आ जाएं या कितने रावत आ जाएं, कोई फर्क नहीं पड़ता। भाजपा का अपना एजेंडा है। प्रधानमंत्री का अपमान कांग्रेस ने किया। कांग्रेस के जमाने में देश की इज्जत क्या थी और मोदी जी ने क्या करिश्मा कर दिखाया। जनता सब जानती है।
सवाल: आप चुनाव भी लड़ रहे हैं और अध्यक्ष भी हैं, दोहरी जिम्मेदारी कैसे निभाएंगे।
जवाब: हमारे यहां व्यवस्थाएं होती हैं। टीमें गठित कर दी गई हैं। पांच दिन से बैठकें ले रहा हूं। चुनाव संचालन व प्रबंधन की टोली बना दी गई है। सबको बता दिया गया है, कि कौन क्या करेगा। कोई दिक्कत नहीं है।