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Lockdwon 3.0 : कॉलेज-स्कूल बंद होने से रुका छात्रवृत्ति का सत्यापन, छात्रों की उठाना पड़ेगा खामियाजा
Sat, 09 May 2020 06:32 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Sat, 09 May 2020 06:32 PM IST
सार
- समाज कल्याण कार्यालय से मार्च से होना था आवेदनों का सत्यापन
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
लॉकडाउन के चलते स्कूल-कॉलेज बंद होने से समाज कल्याण की ओर से किया जाने वाला छात्रवृत्ति का भौतिक सत्यापन अधर में रह गया है। स्कूल-कॉलेज कब खुलेंगे, अभी तक इसकी कोई जानकारी नहीं है। सत्यापन में देरी से भुगतान के कारण छात्रों को फीस संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।
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वर्ष 2019-20 की छात्रवृत्ति के आवेदन आ चुके हैं। मार्च से समाज कल्याण विभाग ने स्कूल-कॉलेजों में जाकर आवेदनों की भौतिक सत्यापन करना था। इसमें आवेदक के सभी दस्तावेजों की जांच की जानी थी, ताकि यह पता चल सके कि कोई आवेदन फर्जी तो नहीं है, लेकिन अचानक लॉकडाउन लागू हो गया, जिसके बाद से स्कूल-कॉलेज बंद हैं।
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अब तीन मई से विभाग कार्यालय खुल चुके हैं। विभागीय अधिकारियों ने छात्रवृत्ति के भौतिक सत्यापन को प्राथमिकता में शामिल किया है और जल्द सत्यापन शुरू करना चाहते हैं। विभाग का कहना है कि भौतिक सत्यापन में जितनी देरी होगी, भुगतान में भी उतनी ही देरी होगी। इसका खामियाजा छात्रों को उठाना पड़ेगा।
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स्कूल-कॉलेज बंद होने से छात्रवृत्ति के भौतिक सत्यापन शुरू नहीं हो पाए हैं। जिले के सभी स्कूल-कॉलेजों में जाकर सत्यापन करने में काफी समय लगता है। सत्यापन में देरी से भुगतान में भी विलंब होगा। उच्चाधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है।
- हेमलता पांडेय, जिला समाज कल्याण अधिकारी