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लकड़ी लेने जंगल गए युवक को नोंच-नोंच कर खा गया बाघ, क्षत-विक्षत हालत में मिला शव 

Sat, 24 Nov 2018 09:57 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत)
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत) Updated Sat, 24 Nov 2018 09:57 AM IST
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Leopard Killed youth in Champawat Dead Body Found in Forest
leopard - फोटो : demo pic

हल्द्वानी वन प्रभाग के शारदा रेंज में जलौनी लकड़ी लेने गए युवक को बाघ ने मार डाला। उसका शव छीनीगोठ वन चौकी से करीब सात किमी दूर भूमिया मंदिर पास पड़ा मिला। गश्त के दौरान वनकर्मियों को जब एक चप्पल और कुल्हाड़ी पड़ी मिली तो उन्होंने इसकी सूचना शारदा रेंज को दी।

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आसपास मुआयना किया तो कुछ दूर झाड़ियों में शव मिला। वन विभाग और पुलिस की टीम ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। शारदा रेंज और चंपावत वन प्रभाग के बूम रेंज में एक साल में बाघों ने पांच लोगों को मार डाला है।
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शारदा रेंज के जंगल से लगे मल्ली छीनीगोठ निवासी मजदूर किशन राम (23) पुत्र स्व. प्रदीप राम बृहस्पतिवार शाम जलौनी लकड़ी लेने शारदा रेंज के छीनी कंपार्टमेंट के कक्ष संख्या 7 बी के जंगल में गया था लेकिन वह रात को घर नहीं लौटा। परिजनों ने सोचा कि वह अपने दोस्त के घर ही रुक गया होगा।

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शुक्रवार सुबह दोगाड़ी रेंज के वन दरोगा भूपाल चंद्र पांडेय और जमन सिंह अधिकारी शारदा रेंज के जंगल में गश्त कर रहे थे, तभी उन्हें भूमिया मंदिर के पास एक चप्पल और कुल्हाड़ी मिली।

उन्होंने इसकी सूचना शारदा रेंज को दी। इस पर डिप्टी रेंजर कैलाश गुणवंत, वन रक्षक प्रहलाद सिंह मेवाड़ी, गिरीश पांडेय समेत कुछ लोगों को साथ लेकर मौके पर पहुंचे और खोजबीन की तो घटनास्थल से कुछ दूर झाड़ी में युवक का शव मिला। बाद में वन विभाग का अन्य स्टाफ और कोतवाल चंद्रमोहन सिंह भी फोर्स लेकर वहां पहुंच गए। 

डिप्टी रेंजर गुणवंत ने बताया कि पहले जब शव देखा गया तो वह पूरा सुरक्षित था, लेकिन विभाग के अन्य स्टाफ और पुलिस फोर्स के पहुंचने पर जब शव को कब्जे में लेने गए तो सिर और धड़ अलग-अलग मिले।

बाघ सिर को इतना खा चुका था कि उसकी पहचान कर पाना मुश्किल था। वनकर्मी और पुलिस शव को छीनीगोठ वन चौकी ले आए, जहां किशन राम के भाई गोविंद राम ने उसकी पहचान की। कोतवाल ने बताया कि पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।

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