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गुलदार ने लगाई मौत के मुंह में 'छलांग'
अमर उजाला, देहरादून
Updated Thu, 14 Nov 2013 10:33 AM IST
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राजधानी देहरादून में बुधवार रात एफआरआई के पास चकराता रोड पर तेज रफ्तार कार की टक्कर से नर गुलदार की मौत हो गई। टक्कर से गुलदार का जबड़ा टूट गया और सिर में गहरी चोट आई थी। बाद में घटनास्थल पर पहुंची वन विभाग की टीम गुलदार का शव मालसी डियर पार्क ले आई। पोस्टमार्टम बृहस्पतिवार को होगा।
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चकराता रोड स्थित एफआरआई मेन गेट और आशीर्वाद पेट्रोल पंप के बीच कॉफी डे के सामने यह हादसा हुआ। यहां एफआरआई का बांस का जंगल है। माना जा रहा है कि गुलदार इसी तरफ से सड़क पार कर रहा था। डिप्टी रेंजर प्रमोद ध्यानी ने बताया कि गुलदार की उम्र डेढ़ से दो साल के बीच रही होगी। वाहन की टक्कर के बाद गुलदार की मौके पर ही मौत हो गई।
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तेज रफ्तार कार से टक्कर
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गुलदार सड़क पार करने की कोशिश कर रहा था। वह एफआरआई की तरफ से सड़क की दूसरी पट्टी की तरफ जा रहा था। जैसे ही उसने छलांग लगाई और सड़क के बीचो बीच पहुंचा होगा, तेज रफ्तार कार आ गई। चोट लगने के कुछ देर के बाद ही गुलदार की मौत हो गई। जानकारी मिलने पर डीएफओ सुशांत पटनायक भी मौके पर पहुंचे। उनका कहना था कि अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ जुर्म जारी किया जाएगा।
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मादा को तो नहीं ढूंढ रहा था गुलदार
एक्सीडेंट में मारा गया गुलदार कहीं अपनी मादा को तो नहीं ढूंढ रहा था। दरअसल दीपावली के मौके पर यहां से एक मादा गुलदार पकड़ी गई थी। उसे राजाजी पार्क ले जाकर छोड़ दिया गया था। मादा गुलदार की उम्र भी डेढ़ से दो साल के बीच रही है। लोगों का कहना है कि नर गुलदार उसी की तलाश में इस तरफ आया होगा।
एफआरआई में दो गुलदार बचे
लोगों का कहना है कि एफआरआई के जंगल में अभी तक चार गुलदार रहे हैं। इनमें एक मादा गुलदार को राजाजी पार्क ले जाकर छोड़ दिया गया। एक गुलदार की मौत हो गई। अब एफआरआई के जंगल में दो गुलदार बचे हैं। डिप्टी रेंजर प्रमोद ध्यानी ने बताया कि चांदमारी, घंघोड़ा, जैंतनवाला, गल्जवाड़ी आदि क्षेत्र भी गुलदार प्रभावित हैं। इन क्षेत्रों में गुलदार देखे जाते हैं। यहां बड़ी-बड़ी झाड़ियां उगी हुई हैं।