बदरीनाथ हाईवे पर भारी पड़ी बारिश, धंसा मार्ग
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भारी बारिश बदरीनाथ और अन्य हाईवे पर भारी पड़ी। रविवार को भी बदरीनाथ हाईवे लामबगड़ में बंद रहा।
लगातार धंस रहा हाईवे
मैठाणा में भी हाईवे लगातार धंस रहा है। शनिवार को उफनाए गदेरे ने तीन जगह बदरीनाथ हाईवे के बड़े हिस्से को क्षतिग्रस्त कर दिया था।
धर्मपुर और पंतगांव के अलावा मैठाणा में हाईवे धंस गया था। सौड़पानी तथा मूल्यागांव के पास भी हाईवे पर बड़ी-बड़ी चट्टानें आ गई। मूल्यागांव के पास चट्टान हटा रही पोकलैंड मशीन नदी की ओर गिर गई।
पोकलैंड निकालने के लिए गौचर से क्रेन मंगाई गई। हाईवे बंद होने से शिवपुरी से देवप्रयाग व श्रीनगर तक यात्री पैदल चलकर पहुंचे। मैठाणा में हाईवे 20 मीटर धंस गया, जिससे वाहनों की आवाजाही में भारी दिक्कतें आ रही हैं।
शनिवार तड़के हुई जोरदार बारिश से बदरीनाथ हाईवे लामबगड़, टैया पुल और बलदौड़ा में बंद हो गया। बीआरओ के मजदूरों ने बारिश थमने के बाद शाम चार बजे तक बलदौड़ा और टैया पुल में हाईवे को वाहनों की आवाजाही के लिए सुचारू कर लिया है, लेकिन लामबगड़ में मलबा और बोल्डर अब भी हाईवे पर बिखरे पडे़ हैं।
काम नहीं कर पा रहे बीआरओ के मजदूर
यहां बीआरओ के मजदूर काम भी नहीं कर पा रहे हैं। वाहन को भार मुक्त करने के बाद ही वाहन आगे बढ़ पा रहे हैं। बीआरओ के कमांडर कर्नल निलेश चंदाराना का कहना है कि मैठाणा में वैकल्पिक मार्ग ही एकमात्र विकल्प है।
यहां पर हाईवे बीते वर्ष की जलप्रलय के बाद से भू-धंसाव की चपेट में है। यहां चट्टान का एक बड़ा हिस्सा लगातार धंस रहा है जो हाईवे के लिए मुसीबत का सबब बना हुआ है।
गुरुवार की रात को हुई मूसलाधार बारिश से यमुनोत्री हाईवे सिलाई बैंड, बाडिया एवं रानाचट्टी के पास भूस्खलन से अवरुद्ध हो गया था, जबकि गंगोत्री हाईवे धरासू नालूपाणी, नेताला, मल्ला, गंगनानी एवं सुक्की में बंद हो गया है।
शनिवार को सिलाई बैंड पर जोखिम के साथ हल्के वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई है। धरासू नालूपाणी में भी करीब छह घंटे बाद यातायात बहाल हो गया, लेकिन नेताला, मल्ला, गंगनानी एवं सुक्की में अभी तक यातायात बहाल नहीं हो पाया है।
शुक्रवार को दिनभर बारिश होने के कारण केदारनाथ हाईवे शनिवार सुबह बांसबाड़ा व काकड़ागाड़ में बाधित हो गया। शनिवार दोपहर दो बजकर तीस मिनट के बाद यहां पर मलबा हटाकर वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई।