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लखानी की जमीन भी होगी नीलाम
शुभम शर्मा/ अमर उजाला, हरिद्वार
Updated Thu, 15 Jan 2015 01:57 PM IST
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व्यापार कर जमा नहीं करने पर लखानी कंपनी की जमीन और इमारत (अचल संपत्ति) भी नीलाम होगी। इसके लिए तहसील प्रशासन ने सिडकुल प्रबंधन से एनओसी मांगी है।
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चुकाना होगा व्यापार कर
हरिद्वार सिडकुल की लखानी कंपनी पर व्यापार कर का एक करोड़ 13 लाख 71 हजार 107 रुपए बकाया है। कंपनी की मशीनें आदि (चल संपत्ति) 83 लाख 99 हजार रुपए में नीलाम हो चुकी है।
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अब राजस्व विभाग ने कंपनी की जमीन और इमारत की नीलामी के लिए सिडकुल के सहायक प्रबंधक को पत्र भेजकर एनओसी मांगी है। एनओसी मिलते ही प्रशासन नीलामी प्रक्रिया शुरू कर देगी।
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हीरो मोटोकॉर्प से वसूली पर ब्रेक
तहसील के रिकार्ड के मुताबिक हीरो मोटोकॉर्प पर स्टांप देय का सर्वाधिक 111 करोड़ 78 लाख 20 हजार 24 रुपए बकाया है। इसमें से कंपनी ने मात्र चार करोड़ 52 लाख 82 हजार रुपए जमा कराए हैं।
तहसील प्रशासन की वसूली पर हीरो मोटोकार्प ने राजस्व परिषद न्यायालय से स्टे ले लिया है इससे तहसील प्रशासन की वसूली पर ब्रेक लग गया है।
खुले खाते को कुर्क किया
अमरोहा स्थित जेपीनगर की कृष्णा कंस्ट्रक्शन के अरविंद कुमार पर खनन देय का एक करोड़ 68 लाख 50 हजार रुपए बकाया है। लेकिन उन्होंने इसे जमा नहीं कराया। इस पर हरिद्वार स्थित उनके खुले खाते को कुर्क कर दिया गया है।
बोक्सा की अड़चन
10 बड़े बकाएदारों में दो बकाएदार बोक्सा जाति से भी हैं। कानूनन दोनों बकाएदारों की संपत्ति कुर्क नहीं की जा सकती। जबकि आपदा प्रभावित मानूबास निवासी एक व्यक्ति ने भुगतान करने में असमर्थता जता दी है।
लंबे समय से बकाया भुगतान नहीं करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। लखानी कंपनी की अचल संपत्ति नीलाम करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। सभी बकाएदारों को नोटिस जारी कर दिए गए हैं। जबकि हीरो मोटोकार्प की ओर से राजस्व परिषद से स्टे ले लिया है।
- दिनेश मोहन उनियाल, तहसीलदार, हरिद्वार