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Kedarnath Dham: शीतकाल के लिए बंद हुए धाम के कपाट, अब छह माह यहां विराजमान होंगे बाबा केदार
Wed, 15 Nov 2023 08:55 AM IST
रेनू सकलानी
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग
Published by: रेनू सकलानी
Updated Wed, 15 Nov 2023 08:55 AM IST
सार
शीतकाल के लिए आज बाबा केदार के कपाट श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिए जाएंगे। 17 नवंबर को बाबा केदार छह माह की शीतकालीन पूजा-अर्चना के लिए ओंकारेश्वर मंदिर में विराजमान हो जाएंगे।
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कपाट बंद होने के मौके पर उमड़ी श्रद्धालुओं के भीड़।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
आज भैयादूज के पावन पर्व पर केदारनाथ धाम के कपाट शीतकाल के लिए सुबह 8:30 बजे बंद कर दिए गए। इस दौरान बाबा केदार के जयकारों से धाम गूंज उठा। मंगलवार को केदारनाथ में बाबा केदार की पंचमुखी मूर्ति को विधि-विधान और पूजा-अर्चना के साथ भंडारगृह से मंदिर के सभामंडप में विराजमान कर दिया गया था।
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सुूबह चार बजे से मंदिर के गर्भगृह में पूजा-अर्चना शुरू हुई। बाबा की चल उत्सव विग्रह डोली धाम से शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर ऊखीमठ के लिए प्रस्थान करते हुए रात्रि प्रवास के लिए पहले पड़ाव रामपुर पहुंचेगी। 17 नवंबर को बाबा केदार छह माह की शीतकालीन पूजा-अर्चना के लिए ओंकारेश्वर मंदिर में विराजमान हो जाएंगे।
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स्वयंभू लिंग को दिया गया समाधिरूप रूप
आज सुबह 4 बजे से केदारनाथ मंदिर गर्भगृह में पूजा-अर्चना शुरू हुई थी। मुख्य पुजारी द्वारा धार्मिक परंपराओं का निर्वहन किया जा रहा है। बाबा केदार के स्वयंभू लिंग को समाधिरूप देकर पुष्प, अक्षत, पूजन सामग्री और भस्म से ढक दिया गया।
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सुबह 7 बजे बाबा केदार की भोगमूर्ति को भंडारगृह से मंदिर के सभामंडप में लाया जाएगा। पंचमुखी भोगमूर्ति को चल उत्सव विग्रह डोली में विराजमान किया जाएगा। इसके बाद शुभ लग्न पर सुबह 8:30 बजे कपाट बंद कर दिए जाएंगे।