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Dehradun News: बांध प्रभावित बोले- पहले किया जाए बंदोबस्त, फिर हो अधिग्रहण
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Iसमिति और यूजेवीएनएल के अधिकारियों के बीच हुई वार्ताI
कटापत्थर बैराज प्रभावित संघर्ष समिति की देवीथला में बैठक आयोजित की गई। इसमें उत्तराखंड जल विद्युत निगम के अधिकारी शामिल हुए। उन्होंने समिति की मांगों को सुना।
समिति के अध्यक्ष विरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि बैराज स्थल से 518 मीटर क्षेत्र में निर्माण की सीमा निर्धारित की गई है। उन्होंने अधिकारियों से इसे 515 मीटर किए जाने की मांग की। इस पर अधिशासी निदेशक राजीव अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में रिजर्व वॉयर स्तर 515 मीटर के हिसाब से ही भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। बैराज प्रभावितों ने कहा कि वर्ष 1938 के बाद से बिन्हार क्षेत्र में राजस्व बंदोबस्ती की कार्रवाई नहीं हुई है। इस कारण राजस्व अभिलेखों में कई बार की त्रुटियां हैं। इसका निराकरण नहीं हो रहा है। कहा कि निगम ने अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू कर दी है। बंदोबस्त में त्रुटियाें के चलते किसानों को उचित प्रतिकर नहीं मिल पाएगा। कहा कि बिन्हार और कटापत्थर बैराज प्रभावित क्षेत्र का पहले बंदोस्त किया जाए, फिर अधिग्रहण की कार्रवाई की जाए।
इस मौके पर निगम के जीएम एसके सिंह, डीजीएम विनोद भाकुनी, एई अभिषेक कुमार, जेई मनेश तोमर, बाबूलाल, महेंद्र चौहान, विनय पुंडीर, लक्ष्यविजय, राजेंद्र सिंह चौहान आदि मौजूद रहे।
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कटापत्थर बैराज प्रभावित संघर्ष समिति की देवीथला में बैठक आयोजित की गई। इसमें उत्तराखंड जल विद्युत निगम के अधिकारी शामिल हुए। उन्होंने समिति की मांगों को सुना।
समिति के अध्यक्ष विरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि बैराज स्थल से 518 मीटर क्षेत्र में निर्माण की सीमा निर्धारित की गई है। उन्होंने अधिकारियों से इसे 515 मीटर किए जाने की मांग की। इस पर अधिशासी निदेशक राजीव अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में रिजर्व वॉयर स्तर 515 मीटर के हिसाब से ही भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। बैराज प्रभावितों ने कहा कि वर्ष 1938 के बाद से बिन्हार क्षेत्र में राजस्व बंदोबस्ती की कार्रवाई नहीं हुई है। इस कारण राजस्व अभिलेखों में कई बार की त्रुटियां हैं। इसका निराकरण नहीं हो रहा है। कहा कि निगम ने अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू कर दी है। बंदोबस्त में त्रुटियाें के चलते किसानों को उचित प्रतिकर नहीं मिल पाएगा। कहा कि बिन्हार और कटापत्थर बैराज प्रभावित क्षेत्र का पहले बंदोस्त किया जाए, फिर अधिग्रहण की कार्रवाई की जाए।
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इस मौके पर निगम के जीएम एसके सिंह, डीजीएम विनोद भाकुनी, एई अभिषेक कुमार, जेई मनेश तोमर, बाबूलाल, महेंद्र चौहान, विनय पुंडीर, लक्ष्यविजय, राजेंद्र सिंह चौहान आदि मौजूद रहे।
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