{"_id":"61d341bd520b4e6220050869","slug":"ineligible-people-should-cancel-ration-card-themselves-rawat-dehradun-news-drn400664547","type":"story","status":"publish","title_hn":"अपात्र लोग राशन कार्ड को स्वयं कराएं निरस्त: भूपेंद्र रावत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अपात्र लोग राशन कार्ड को स्वयं कराएं निरस्त: भूपेंद्र रावत
विज्ञापन
01 नगर निगम सभागार में आयोजित बैठक में उपस्थित लोगों और राशन डीलरों से वार्ता करते राज्य खाद्य आयो?
- फोटो : RISHIKESH
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह रावत ने कहा कि जिन अपात्र लोगों ने गलत दस्तावेजों को आधार बनाकर राष्ट्रीय खाद्य योजना और अंत्योदय राशन कार्ड बनाए हैं, वे क्षेत्रीय पूर्ति विभाग के कार्यालय में जाकर तत्काल राशन कार्ड निरस्त करा दें। विभागीय जांच में यदि किसी अपात्र व्यक्ति के पास राष्ट्रीय खाद्य योजना और अंत्योदय राशन कार्ड मिला तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सोमवार को नगर निगम सभागार में राज्य खाद्य आयोग सतर्कता समिति की बैठक हुई। इसमें आयोग के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह रावत ने कहा कि यदि कोई अपात्र व्यक्ति गलत तरीके से राष्ट्रीय खाद्य योजना और अंत्योदय राशनकार्ड बनाकर खाद्यान्न ले रहा है तो कोई भी व्यक्ति उसकी शिकायत स्थानीय पूर्ति निरीक्षक कार्यालय, जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी कार्यालय या फिर उत्तराखंड राज्य खाद्य आयोग के कार्यालय में शिकायत दर्ज कर सकता है। शिकायत करने वाले का नाम गोपनीय रखा जाएगा। शिकायत मिलने के बाद क्षेत्र के पूर्ति निरीक्षक को यह शिकायत भेज दी जाएगी। उसके बाद उसका राशन कार्ड निरस्त कर व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि गर्भवतियों और धात्रियों को दिए जाने वाले पुष्टाहार की गुणवत्ता खराब होती है तो वे शिकायत कर सकती हैं। वहीं दुकानदारों ने कहा कि शहर में जो भी राशन की दुकान खुले, उसमें दो हजार यूनिट हो। इस मौके पर सहायक नगर आयुक्त एलमदास, कर निरीक्षक निशांत अंसारी और पंकज शर्मा आदि मौजूद रहे।
ये भी शिकायत आईं सामने
बैठक में यह भी शिकायत आई कि कई बस ऑपरेटर्स भी अंत्योदय के राशनकार्ड से राशन ले रहे हैं। राजकीय स्कूलों में कार्यरत अध्यापकों के भी राष्ट्रीय खाद्य योजना के राशकार्ड बने हैं। कई ऐसे भी लोग हैं, जिनके बच्चे प्राइवेट स्कूलों में पढ़ते हैं, एक बच्चे की एक माह की फीस तीन से चार हजार रुपये तक है, उन लोगों का भी अंत्योदय का राशनकार्ड बना है।
विज्ञापन
सतर्कता समिति के सदस्य नामित
बैठक में चेतन चौहान, लक्ष्मी रावत, विजेंद्र मोघा, उमा बृजपाल राणा, पार्षद विजय बडोनी, राजकुमारी जुगरान, विजय लक्ष्मी भट्ट, मदन कोठारी सतर्कता समिति के सदस्य नामित किए गए।
विज्ञापन
सोमवार को नगर निगम सभागार में राज्य खाद्य आयोग सतर्कता समिति की बैठक हुई। इसमें आयोग के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह रावत ने कहा कि यदि कोई अपात्र व्यक्ति गलत तरीके से राष्ट्रीय खाद्य योजना और अंत्योदय राशनकार्ड बनाकर खाद्यान्न ले रहा है तो कोई भी व्यक्ति उसकी शिकायत स्थानीय पूर्ति निरीक्षक कार्यालय, जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी कार्यालय या फिर उत्तराखंड राज्य खाद्य आयोग के कार्यालय में शिकायत दर्ज कर सकता है। शिकायत करने वाले का नाम गोपनीय रखा जाएगा। शिकायत मिलने के बाद क्षेत्र के पूर्ति निरीक्षक को यह शिकायत भेज दी जाएगी। उसके बाद उसका राशन कार्ड निरस्त कर व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि गर्भवतियों और धात्रियों को दिए जाने वाले पुष्टाहार की गुणवत्ता खराब होती है तो वे शिकायत कर सकती हैं। वहीं दुकानदारों ने कहा कि शहर में जो भी राशन की दुकान खुले, उसमें दो हजार यूनिट हो। इस मौके पर सहायक नगर आयुक्त एलमदास, कर निरीक्षक निशांत अंसारी और पंकज शर्मा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
ये भी शिकायत आईं सामने
बैठक में यह भी शिकायत आई कि कई बस ऑपरेटर्स भी अंत्योदय के राशनकार्ड से राशन ले रहे हैं। राजकीय स्कूलों में कार्यरत अध्यापकों के भी राष्ट्रीय खाद्य योजना के राशकार्ड बने हैं। कई ऐसे भी लोग हैं, जिनके बच्चे प्राइवेट स्कूलों में पढ़ते हैं, एक बच्चे की एक माह की फीस तीन से चार हजार रुपये तक है, उन लोगों का भी अंत्योदय का राशनकार्ड बना है।
विज्ञापन
सतर्कता समिति के सदस्य नामित
बैठक में चेतन चौहान, लक्ष्मी रावत, विजेंद्र मोघा, उमा बृजपाल राणा, पार्षद विजय बडोनी, राजकुमारी जुगरान, विजय लक्ष्मी भट्ट, मदन कोठारी सतर्कता समिति के सदस्य नामित किए गए।