उत्तराखंड में अब रफ्तार पकड़ेगा मानसून, इन तीन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
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प्रदेश के तीन जिलों में गुरुवार को भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने बारिश की संभावना को देखते हुए चेतावनी जारी की है। अन्य स्थानों पर भी बारिश होने का अनुमान है। वहीं, चार से सात जुलाई तक प्रदेश के ज्यादातर जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश के आसार देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग की ओर से जारी बुलेटिन के अनुसार आज नैनीताल, चंपावत और पौड़ी जिले में भारी बारिश होने का अनुमान है। साथ ही प्रदेश के अन्य इलाकों में भी बारिश हो सकती है। बुलेटिन के मुताबिक चार से सात जुलाई तक राजधानी देहरादून, टिहरी, हरिद्वार, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत और ऊधमसिंह नगर में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है।
मौसम केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि अगले 48 घंटों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून राज्य के अधिकांश क्षेत्रों में पहुंच सकता है। मानसून के आगे बढ़ने के लिए राज्य में परिस्थितियां अनुकूल है।
कोटद्वार में तीन मौतों के बाद जागा प्रशासन, संभावित खतरे पर अलर्ट जारी
कोटद्वार में तीन साल से सो रहा पौड़ी जिला और कोटद्वार तहसील प्रशासन मंगलवार की आपदा के बाद आखिरकार हरकत में आ गया है। आगे भी पनियाली गदेरा खतरे का सबब न बने, इसके लिए गदेरे से मलबा हटाने और चैनलाइजेशन का काम युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। पनियाली के साथ ही कोटद्वार भाबर की अन्य नदियों में भी चैनलाइजेशन का कार्य शुरू किया गया है। जिसमें प्रशासन और नगर निगम की ओर से कई जेसीबी और पोकलेन मशीनें लगाई गई हैं।
गत मंगलवार को केवल दो घंटे की बारिश में ही पनियाली गदेरा उफनाकर बहने लगा। शिवपुर से लेकर काशीरामपुर कौड़िया तक जमकर कहर बरपा, वहीं कौड़िया में आपदा ने तीन युवकों की जान ले ली। गनीमत यह रही कि सुबह दो घंटे की बारिश के बाद आसमान साफ हो गया और सरकारी मशीनरी को राहत और बचाव कार्य करने का समय मिल गया। आपदा प्रबंधन के लिए एडीएम डा. एसके बरनवाल ने पूरे इलाके का दौरा कर पनियाली समेत सभी नदियों में खतरे वाले स्थानों पर मलबा हटाने और चैनलाइजेशन के निर्देश दिए।
एसडीएम मनीष कुमार सिंह ने बताया कि प्रशासन ने पनियाली गदेरे पर पूर्व में चिह्नित अतिक्रमण की फाइल निकालकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया कि राजस्व क्षेत्र में तहसील प्रशासन, नगर निगम और सिंचाई विभाग को मलबा हटाने और चैनलाइजेशन के काम पर लगाया गया है।