मलेशिया में फंसे बेटे की भारत वापसी के लिए हाईकोर्ट पहुंचे पिता, केंद्र सरकार को जांच करने के आदेश
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नौकरी का झांसा देकर मलेशिया पहुंचे बागेश्वर के वीरेंद्र कुमार को भारत वापस लाने के लिए उसके पिता ने उत्तराखंड हाईकोर्ट से गुहार लगाई है। हाईकोर्ट ने पूरे मामले पर केंद्र सरकार को आदेश दिया है कि वह पता करे कि किस आरोप में वीरेंद्र को मलेशिया पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
राज्य सरकार ने कोर्ट को जानकारी दी है कि मलेशिया पुलिस ने वीरेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया है। न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। भाखुलखोला गांव बैजनाथ बागेश्वर निवासी वीरेंद्र देहरादून में आर्मी की भर्ती के लिए गया था।
हिमाचल के कुछ लोगों ने उसको मर्चेंट नेवी में भर्ती कराने के नाम पर पांच लाख लेकर मलेशिया में नौकरी के लिए भेज दिया। वहां वीरेंद्र को मर्चेंट नेवी में नौकरी देने के बजाय किसी घर में काम पर रख दिया गया। उसका घर से संपर्क नहीं होने पर पिता ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है और उसको वापस घर लाने की मांग की है।
इधर, अब पता चला है कि उसको मलेशिया पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की एकलपीठ ने केंद्र सरकार को आदेश दिया है कि वह पता करे कि किस आरोप में वीरेंद्र को मलेशिया पुलिस ने गिरफ्तार किया है।