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उत्तराखंड को नशा मुक्त करने के लिए कार्रवाई करे सरकार
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उत्तराखंड को नशा मुक्त करने के लिए कार्रवाई करे सरकार
-उत्तराखंड महिला मंच ने दी आंदोलन की चेतावनी
माई सिटी रिपोर्टर
देहरादून। उत्तराखंड महिला मंच की एफ आरआई शाखा की ओर से रविवार को सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन के माध्यम से महिला मंच ने हाईकोर्ट के निर्देशानुसार उत्तराखंड को नशामुक्त बनाने के उचित कार्रवाई करने की मांग की। इस दौरान चेतावनी दी गई कि ऐसा न होने पर आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर सम्मेलन में मुजफ्फरनगर कांड के दोषियों को सजा दिलाने की मांग भी की गई।
महिला मंच की संयोजक कमला पंत ने कहा कि आज समाज व राज्य को बेहतर बनाने के लिए महिलाओं की एकता को संगठित ताकत के रूप में विकसित करने की आवश्यकता है। चाहे महिला हिंसा का सवाल हो या महिलाओं की सबसे बड़ी पीड़ा शराब का या फि र शिक्षा, रोजगार, पलायन। आज उत्तराखंड की महिलाएं इन तमाम दिक्कतों से जूझ रही हैं। आवश्यकता है कि हम महिलाएं एकता कायम करते हुए अपने अधिकारों के लिए एकजुट हों। महिला मंच नैनीताल इकाई की संयोजक डॉक्टर उमा भट्ट ने कहा की उत्तराखंडी मुद्दों की लड़ाई एक राजनीतिक लड़ाई है। चमोली जिले की संयोजक ऊषा भट्ट ने कहा कि गंगा की निर्मलता व स्वच्छता प्रभावित होने से उत्तराखंड का जनजीवन भी प्रभावित है। इस दौरान चंद्रा तिवारी, निर्मला बिष्ट, पद्मा गुप्ता, शकुंतला मुंडेपी, सरोजिनी रतूड़ी, यशोदा रावत आदि मौजूद रहीं।
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-उत्तराखंड महिला मंच ने दी आंदोलन की चेतावनी
माई सिटी रिपोर्टर
देहरादून। उत्तराखंड महिला मंच की एफ आरआई शाखा की ओर से रविवार को सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन के माध्यम से महिला मंच ने हाईकोर्ट के निर्देशानुसार उत्तराखंड को नशामुक्त बनाने के उचित कार्रवाई करने की मांग की। इस दौरान चेतावनी दी गई कि ऐसा न होने पर आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर सम्मेलन में मुजफ्फरनगर कांड के दोषियों को सजा दिलाने की मांग भी की गई।
महिला मंच की संयोजक कमला पंत ने कहा कि आज समाज व राज्य को बेहतर बनाने के लिए महिलाओं की एकता को संगठित ताकत के रूप में विकसित करने की आवश्यकता है। चाहे महिला हिंसा का सवाल हो या महिलाओं की सबसे बड़ी पीड़ा शराब का या फि र शिक्षा, रोजगार, पलायन। आज उत्तराखंड की महिलाएं इन तमाम दिक्कतों से जूझ रही हैं। आवश्यकता है कि हम महिलाएं एकता कायम करते हुए अपने अधिकारों के लिए एकजुट हों। महिला मंच नैनीताल इकाई की संयोजक डॉक्टर उमा भट्ट ने कहा की उत्तराखंडी मुद्दों की लड़ाई एक राजनीतिक लड़ाई है। चमोली जिले की संयोजक ऊषा भट्ट ने कहा कि गंगा की निर्मलता व स्वच्छता प्रभावित होने से उत्तराखंड का जनजीवन भी प्रभावित है। इस दौरान चंद्रा तिवारी, निर्मला बिष्ट, पद्मा गुप्ता, शकुंतला मुंडेपी, सरोजिनी रतूड़ी, यशोदा रावत आदि मौजूद रहीं।
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