फिक्र न करें, अब बस 40 हजार में डॉक्टर बनें
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एमबीबीएस कोर्स का नाम सुनते ही आपके जेहन में सालाना 30 से 50 लाख रुपए फीस का डर सताने लगता है। लेकिन यदि आप मेधावी छात्र हैं तो आप 40 हजार या इससे कम में भी डॉक्टर की पढ़ाई कर सकते हैं।
देश के नामी मेडिकल संस्थानों में ऑल इंडिया प्री मेडिकल टेस्ट (एआईपीएमटी) में बेहतर रैंक हासिल करने वाले सिर्फ 40 हजार रुपए में चार साल का कोर्स कर सकते हैं।
एम्स, लेडी हार्डिंग, एएफएमसी समेत विभिन्न बड़े संस्थानों में अलग-अलग शुल्क सालाना तीस हजार से अधिक नहीं है। एआईपीएमटी की काउंसिलिंग प्रक्रिया एक जुलाई से शुरू हो रही है।
अच्छी रैंक पाने वाले छात्रों को शीर्ष संस्थानों में आसानी से दाखिला मिल जाएगा। अविरल क्लासेज के निदेशक डीके मिश्रा के मुताबिक मेधावियों के लिए चाहे ऑल इंडिया कोटा हो या स्टेट कोटा, एमबीबीएस की फीस बेहद कम है।
हर साल कई ऐसे बच्चे इन संस्थानों में दाखिला लेते हैं, जो आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन पढ़ाई में होशियार होते हैं। इस बार एआईपीएमटी से देशभर के मेडिकल कालेजों में 2503 सीटें भरने जा रही हैं।
कहां कितनी फीस
मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, दिल्ली : 3405 रुपए वार्षिक
लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज, दिल्ली : 600 रुपए वार्षिक (हॉस्टल शुल्क 250 रुपये मासिक)
आर्म्ड फोर्स मेडिकल कॉलेज, पुणे : 7000 रुपए सालाना हॉस्टल फीस (कोई ट्यूशन फीस नहीं)
एम्स दिल्ली : 1940 रुपए वार्षिक
ग्रांट मेडिकल कॉलेज, मुंबई : 20 हजार रुपए वार्षिक
बैंगलोर मेडिकल कॉलेज, बंगलूरू : 23670 रुपए वार्षिक
किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी, लखनऊ : 26,500 रुपए वार्षिक
क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज, वेल्लोर : 63,000 वार्षिक (हॉस्टल अलग)
सीएमसी पटियाल : 12000 प्रति वर्ष
वीर चंद्र सिंह गढ़वाली व राजकीय मेडिकल कॉलेज उत्तराखंड : 40 हजार रुपए वार्षिक (बांड भरने पर), पांच लाख रुपए वार्षिक (बांड न भरने पर)
(यह शुल्क एआईपीएमटी रैंकिंग के आधार पर दाखिले पर ही लागू है)
संभालकर रखें एडमिट कार्ड और रैंकिंग लैटर
देश के चिकित्सा शिक्षा संस्थानों में 15 प्रतिशत ऑल इंडिया कोटे की सीटों पर एक जुलाई से दाखिले शुरू हो रहे हैं।
एआईपीएमटी काउंसिलिंग के जरिये होने वाले दाखिलों के दौरान अभ्यर्थियों को अपने सभी दस्तावेज साथ रखने होंगे। अगर आप भी काउंसिलिंग के लिए जा रहे हों तो इसका ध्यान रखें।
मेडिकल काउंसिलिंग कमेटी की ओर से जारी सूचना के मुताबिक सीट अलॉट होने के बाद दाखिले के वक्त छात्र को एआईपीएमटी का एडमिट कार्ड, सीबीएसई की ओर से जारी रिजल्ट या रैंक लैटर, जन्मतिथि के लिए 10वीं का प्रमाणपत्र, 12वीं का सर्टिफिकेट और मार्कशीट, छह पासपोर्ट साइज फोटो, प्रोविजनल अलॉटमेंट लैटर, आईडेंटिटी प्रूफ होना आवश्यक है।
एससी, एसटी और ओबीसी कैंडीडेट को काउंसिलिंग इंफार्मेशन बुलेटिन में दिखाए गए प्रारूप के मुताबिक प्रमाणपत्र लाना जरूरी है। वैध मेडिकल बोर्ड की ओर से दिया गया प्रमाण पत्र ही विकलांग अभ्यर्थी को लाना होगा।
यहां लें काउंसिलिंग की जानकारी
ऑनलाइन काउंसिलिंग में शामिल होने के लिए वेबसाइट पर एक आईडी और पासवर्ड जेनरेट करना भी जरूरी है।
वर्ष 2012 के रिकॉर्ड पर नजर डालें तो एआईपीएमटी में रैंक के हिसाब से अलग-अलग कॉलेजों का आवंटन होता है।
यहां लें काउंसिलिंग की जानकारी : www.mcc.nic.in