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फुटबाल में घरेलू स्तर पर हों अतिरिक्त प्रयास: भूटिया
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
Updated Sun, 10 Jul 2016 02:57 AM IST
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बाइचुंग भूटिया के साथ सीएम रावत
- फोटो : अमरउजाला
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उत्तराखंड सुपर लीग (यूएसएल) की ओपनिंग सेरेमनी में बतौर अतिथि पहुंचे भारतीय फुटबाल टीम के पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया ने भारतीय फुटबाल को लेकर काफी बातें की। उन्होंने भारतीय फुटबाल के भविष्य को लेकर कई फ्यूचर प्लान भी शेयर किए। वाइचुंग भूटिया ने कहा कि भारत में फुटबाल की बेहतरी के लिए लोकल स्तर पर काफी कुछ करने की जरूरत है।
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राज्यों की फेडरेशन को मजबूत बनाने के साथ ही स्कूली स्तर पर फुटबाल को बढ़वा देना होगा। तभी आने वाले सालों में भारतीय टीम का वर्ल्ड कप खेलने का सपना पूरा होगा। बाइचुंग भूटिया को उत्तराखंड सुपर लीग का ब्रांड एंबेसडर बनाया गया है।
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शुक्रवार को ही पहुंच गए थे दून
बाइचुंग भूटिया शुक्रवार को ही यूएसएल की ओपनिंग में शामिल होने दून आ गए थे। शनिवार सुबह भूटिया आईएसबीटी स्थित राजा राम मोहन राय स्कूल जाकर यहां के खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। स्कूल में इनके नाम से फुटबाल एकेडमी भी है। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि पिछले कुछ सालों से फुटबाल में एज लीग का क्रेज बढ़ा है।
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अंडर-12, 15, 17, 19 आदि लीग लगातार कुछ प्रदेशों में हो रही हैं। यह अच्छी बात है, लेकिन अब भी बहुत कुछ करना शेष है। उन्होंने कहा कि भारत के ज्यादातर फुटबालर अपने बल पर हाई लेवल तक पहुंचते हैं। उसके बाद उन्हें कोई गाइड करने वाला मिलता है। अगर शुरुआत से ही कोई गाइड करने वाला मिल जाए तो यहां भी होनहारों की कमी नहीं रहेगी।
वाइचुंग भूटिया ने उत्तराखंड सुपर लीग की तारीफ करते हुए कहा कि इस तरह की लीग से स्थानीय खिलाड़ियों को अपना हुनर दिखाने का मौका मिलता है। भारत और दूसरे देशों के खिलाड़ियों के सवाल पर उन्होंने कहा कि यहां इन्फ्रास्ट्रक्चर नहीं है, जबकि दूसरे देशों में फुटबाल का पूरा सिस्टम बना हुआ है।
यही वजह है कि वहां के खिलाड़ी व टीम हमसे बेहतर प्रदर्शन करती हैं। उन्होंने कहा कि भारत के खिलाड़ियों के सामने बहुत बड़ा चैलेंज वर्ल्ड कप तक पहुंचना। क्योंकि कंपटीशन इतना टफ हो गया है कि जिस देश के पास तमाम सुविधाएं व खिलाड़ी हैं वह भी वर्ल्ड कप से बाहर हो रहे हैं।