अनंतनाग आतंकी हमले में बाल-बाल बचे उत्तराखंड के पूर्व विधायक, सुनाई आपबीती
अमरनाथ यात्रा के दौरान अनंतनाग में आतंकी हमले में हुई पत्थरबाजी में उत्तराखंड के पूर्व विधायक भी बाल-बाल बचे। इस भयानक हादसे को देखकर वे एक दम सहम गए। वापस लौटकर उन्होंने हमले की आपबीती सुनाई तो उनकी आंखों में डर साफ दिखा...
मंलगवार को जब वे लौटे तो पता लगा कि कपकोट के पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण और उनके जत्थे में शामिल लोग बाल-बाल बचे। पूर्व विधायक ने इसके लिए वहां तैनात सीआरपीएफ और स्थानीय पुलिस का आभार जताया है।
पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण और उनके साथी महिमन गढ़िया, प्रवीन मटियानी, ख्याली पंत, मनोज राठौर, दयाल गढ़िया, स्वामी महेशानंद खडगेश्वर, प्रवीन मटियानी और दीपक बोरा बीती 30 जून को अमरनाथ यात्रा पर निकले थे।
जानिए क्या कहा आगे...
पूर्व विधायक फर्स्वाण ने बताया कि यात्रा से लौटने के दौरान 6 जुलाई की शाम करीब पांच बजे अनंतनाग में पत्थरबाजों ने उनके वाहन को रोकने के साथ ही पत्थरबाजी शुरू कर दी।
तभी वहां पहुंची सीआरपीएफ और वहां की पुलिस ने फायरिंग कर पत्थरों को घटना स्थल से भगाया। पूर्व विधायक ने यात्रा से सकुशल घर लौटने के बाद अमर उजाला को बताया कि सीआरपीएफ और वहां की पुलिस घटना स्थल पर समय पर नहीं पहुंचती तो उन लोगों की जान भी जा सकती थी।
इसके लिए उन्होंने सीआरपीएफ और वहां की पुलिस का आभार जताया। पूर्व विधायक ने भारत सरकार के गृह मंत्रालय से जम्मू कश्मीर में आतंकवाद समाप्त कराने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा है।