{"_id":"3a5c27b53ab4a45223feb17244c54e44","slug":"emergency-call-in-doon-hospital","type":"story","status":"publish","title_hn":"इमरजेंसी में अस्पताल को फोन न करें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इमरजेंसी में अस्पताल को फोन न करें
अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 06 Nov 2013 12:11 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर चाहे जितनी बीमारियों की चपेट में हो या फिर कोई घटना घट जाए, लेकिन किसी भी आपात स्थिति में देहरादून के दून अस्पताल और कोरोनेशन की इमरजेंसी का फोन नहीं उठ सकता।
विज्ञापन
पढ़ें, जूनियर मास्टर शेफ जीतने के बाद सार्थक बने 'हीरो'
विज्ञापन
इस बावत निदेशक डा. एलके गुसाईं और प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. आरएस असवाल के दावे कई बार फेल हो चुके हैं।
दावे हवाई
दीपावली के मौके पर किसी अनहोनी की सूचना देने के लिए निदेशक डा. गुसाईं ने दावा किया था कि लोग अस्पतालों की इमरजेंसी के फोन पर सूचना दे सकते हैं। लेकिन फोन नहीं उठा। शहर के विभिन्न क्षेत्रों के लोग सारी रात अस्पताल का फोन नंबर मिलाते-मिलाते परेशान हो गए।
विज्ञापन
नहीं उठा फोन
दीपावली की रात पंद्रह बार दून अस्पताल की इमरजेंसी और कोरोनेशन की इमरजेंसी का फोन मिलाया लेकिन नहीं उठा। इसके पहले भी कई मरतबा लोगों ने प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. असवाल से शिकायत की लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है।
अगर कोई बड़ी घटना हो गई तो आम आदमी के लिए अस्पताल से संपर्क करने का कोई दूसरा रास्ता नहीं है। दून अस्पताल की तरह कोरोनेशन की भी स्थिति रहती है।
फेसबुक पर राय देने के लिए क्लिक करें...