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डीजीपी हटाने पर आयोग ने मांगी रिपोर्ट
अमर उजाला, देहरादून
Updated Sat, 26 Apr 2014 10:26 AM IST
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विवादों से घिरे दून के डीजीपी बीएस सिद्धू की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। केंद्रीय चुनाव आयोग ने दारोगा निर्विकार की डीजीपी को हटाने संबंधी शिकायत को गंभीरता से लिया है। चुनाव आयोग ने प्रदेश के प्रमुख सचिव और मुख्य निर्वाचन अधिकारी से मामले की रिपोर्ट तलब की है।
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आरक्षित वन क्षेत्र से पेड़ काटने के मामले में डीजीपी बीएस सिद्धू और दारोगा निर्विकार के बीच की जंग काफी गरमा गई है। डीजीपी द्वारा वन विभाग के अधिकारियों के खिलाफ दर्ज कराई गई रिपोर्ट बिगड़ाव का सबब बन गई है।
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कार्यशैली पर सवाल उठाए
दून से रुद्रप्रयाग स्थानांतरित किए जाने पर उप निरीक्षक निर्विकार ने डीजीपी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। कोर्ट में डीजीपी के खिलाफ शपथ पत्र देकर उनकी कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। आरोप लगाया था कि मनमाफिक विवेचना न करने पर उन्हें यह सजा दी गई।
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इसी कड़ी में उप निरीक्षक की घेराबंदी को पुराने छह मामलों में लापरवाही बरतने के आरोप में प्रारंभिक जांच शुरू करा दी गई। एक की तारीख में तीन अफसरों द्वारा हस्ताक्षर किए जाने पर जांच पर सवाल उठाए।
सिद्दू को हटाए जाने की मांग
इन्हीं आरोपों के संबंध में उप निरीक्षक निर्विकार ने केंद्रीय चुनाव आयोग और प्रदेश के राज्यपाल को शिकायत भेजकर डीजीपी सिद्दू को हटाए जाने की मांग की थी।
चुनाव आयोग ने शिकायत का संज्ञान लेते हुए प्रदेश की प्रमुख सचिव और मुख्य निर्वाचन अधिकारी राधा रतूडी से पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने पत्र का हवाला देते हुए गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव को पूरे प्रकरण की जांच कर आख्या उपलब्ध कराने के लिए कहा है।
चुनाव आयोग के अलावा मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव के यहां से डीजीपी के खिलाफ शिकायतें मिली हैं। मामले में मुख्यमंत्री से मंत्रणा करने के बाद ही कोई निर्णय लिया जाएगा।
-भगवती प्रसाद पांडेय, अपर मुख्य सचिव गृह विभाग उत्तराखंड