फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Driving license Waiting Full Till december it Will make in 2020 in uttarakhand

लगातार बढ़ रही भीड़ से दिसंबर तक फुल हुई वेटिंग, अब नए साल में बनेंगे ड्राइविंग लाइसेंस

Fri, 22 Nov 2019 09:03 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 22 Nov 2019 09:03 AM IST
विज्ञापन
Driving license Waiting Full Till december it Will make in 2020 in uttarakhand
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर

उत्तराखंड में अब नए साल में लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस बन पाएंगे। क्योंकि नया मोटर व्हीकल एक्ट लागू होने के बाद से आरटीओ में लाइसेंस बनवाने वाले लोगों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। स्थिति ये है कि दिसंबर की वेटिंग फुल हो गई है।

विज्ञापन


इसके बाद आवेदनकर्ताओं को टेस्ट के लिए जनवरी की तारीख दी जा रही है। ऐसे में लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं कई लोग उच्चाधिकारियों से फोन कराकर जल्द लाइसेंस बनवाने की गुहार लगा रहे हैं।

विज्ञापन

बाय पोस्ट नहीं पहुंच रहे लाइसेंस  

आरटीओ में लाइसेंस का रिन्यूअल कराने के लिए भटकना पड़ रहा है। स्थिति ये है कि तीन माह बाद भी लोगों के बाई पोस्ट लाइसेंस नहीं पहुंच रहे है। ऐसे में लोग खुद आरटीओ पहुंचकर लाइसेंस निकलवाने को मजबूर हैं।

 

सहस्त्रधारा से आरटीओ पहुंचे आशीष चौहान से बताया कि उन्होंने तीन माह पहले लाइसेंस रिन्यूअल के लिए अप्लाई किया था। आरटीओ से बताया गया कि उनका लाइसेंस बाइ पोस्ट उनके घर पहुंच जाएगा, लेकिन जब नहीं आया तो वह उसे लेने पहुंचे हैं। 
 

45 प्रतिशत लोग हो रहे फेल  
नए मोटर व्हीकल एक्ट में जुर्माने की दर बढ़ जाने के बाद लोग लाइसेंस बनवाने तो पहुंच रहे है, लेकिन उन्हें ड्राइविंग नियमों की जानकारी नहीं है। इसी का नतीजा है कि टेस्ट में 45 प्रतिशत लोग फेल हो रहे हैं।

हर शख्स का करीब 10 मिनट टेस्ट 

ऑनलाइन सिस्टम शुरू होने से पहले परिवहन विभाग में जहां तीन से 400 तक लाइसेंस रोज बन जाते जाते थे। वहीं अब स्लॉट डेट तय होने के चलते सौ से 150 ही लर्निंग लाइसेंस के लिए बायोमीट्रिक और फोटो खिंचवाने के अलावा लिखित टेस्ट पास करना होता है। एक टेस्ट में करीब 10 से 15 मिनट लगते हैं। आरटीओ में आठ कंप्यूटर सेट लगे हैं। इस तरह 15 मिनट में आठ लोग ही टेस्ट दे पाते हैं। 

नौ और लगाए जाएंगे सिस्टम 
आरटीओ अरविंद पांडेय ने बताया कि लोगों की लगातार भीड़ बढ़ती जा रही है और लर्निंग लाइसेंस की वेटिंग भी जनवरी पहुंच गई है। लोगों की समस्याओं को देखते हुए प्रतिदिन कर्मचारियों के कार्य करने के समय में इजाफा किया गया है। इसके साथ ही नौ नए कंप्यूटर खरीदने के निर्देश दिए गए हैं। नए सिस्टम आने के बाद वेटिंग रूम में सभी 15 कंप्यूटर लगा दिए जाएंगे। इससे एक समय में आठ की जगह 15 लोग टेस्ट दे सकेंगे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed