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जलसंस्थान कर्मचारियों को वाहन भत्ता दिए जाने की मांग
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उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारी संगठन संयुक्त मोर्चा ने सचिव पेयजल निगम को ज्ञापन प्रेषित किया है। ज्ञापन में उन्होंने उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारियों को अन्य राज्य कर्मचारियों की भांति वाहन भत्ता अनुमन्य करने और भविष्य निधि धनराशि में भी अन्य राज्य कर्मचारियों की भांति सात प्रतिशत ब्याज दिए जाने की व्यवस्था करने की मांग की है। कहा कि अगर उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती है तो मोर्चा आंदोलन को बाध्य होगा।
ज्ञापन में प्रदेश महामंत्री रमेश बिंजोला ने कह कि राज्य के सभी कर्मचारियों को वाहन के वर्गीकरण के आधार पर दिया जा रहा है। लेकिन जलसंस्थान के कर्मचारियों को वाहन भत्ता नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने पेयजल सचिव से मांग की है कि अन्य कर्मचारियों की भांति जलसंस्थान के कर्मचारियों को भी वाहन भत्ता दिया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि जलसंस्थान कर्मचारियों के भविष्य निधि धनराशि को सेविंग खातों के रूप में संचालित किया जा रहा है। जिन पर बैंक तीन प्रतिशत ब्याज दे रहे हैं। जबकि राजकीय कर्मचारियों और अन्य निगमों के कर्मचारियों को भविष्य निधि धनराशि पर सात प्रतिशत ब्याज मिल रहा है। इससे जलसंस्थान कर्मचारियों को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि अगर दोनों मांगों पर कार्रवाई नहीं की जाती है तो मोर्चा आंदोलन को बाध्य होगा।
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ज्ञापन में प्रदेश महामंत्री रमेश बिंजोला ने कह कि राज्य के सभी कर्मचारियों को वाहन के वर्गीकरण के आधार पर दिया जा रहा है। लेकिन जलसंस्थान के कर्मचारियों को वाहन भत्ता नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने पेयजल सचिव से मांग की है कि अन्य कर्मचारियों की भांति जलसंस्थान के कर्मचारियों को भी वाहन भत्ता दिया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि जलसंस्थान कर्मचारियों के भविष्य निधि धनराशि को सेविंग खातों के रूप में संचालित किया जा रहा है। जिन पर बैंक तीन प्रतिशत ब्याज दे रहे हैं। जबकि राजकीय कर्मचारियों और अन्य निगमों के कर्मचारियों को भविष्य निधि धनराशि पर सात प्रतिशत ब्याज मिल रहा है। इससे जलसंस्थान कर्मचारियों को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि अगर दोनों मांगों पर कार्रवाई नहीं की जाती है तो मोर्चा आंदोलन को बाध्य होगा।
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