फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   dehradun: sajha manch for protest against NRC, CAA, JNU student bitten case

देहरादूनः सांझा मंच बनाने की तैयारी, करेंगे एनआरसी, सीएए, जेएनयू में छात्र हमले का विरोध

Thu, 09 Jan 2020 01:58 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Thu, 09 Jan 2020 01:58 PM IST
विज्ञापन
dehradun: sajha manch for protest against NRC, CAA, JNU student bitten case
- फोटो : फाइल फोटो

भारतीय नागरिकता संशोधन अधिनियम, राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर, राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर और जेएनयू में छात्रों पर हमले के विरोध में अब देहरादून में सांझा मंच बनाने की तैयारी है। बुधवार को कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय सहित अन्य दलों की बैठक में संयुक्त रूप से विरोध जताने के लिए एक मंच पर आने का फैसला लिया गया।

विज्ञापन


परेड ग्राउंड के पास डूंगा हाउस में हुई बैठक में तय किया कि 21 जनवरी को दून में साझा सम्मेलन कर आगे की रणनीति घोषित की जाएगी। किशोर के मुताबिक ये सारे विषय एक दूसरे से जुड़े हैं और इन पर व्यापक जनमत तैयार करने की भी जरूरत है। इसी को देखते हुए साझा मंच बनाने का फैसला किया है।
विज्ञापन


इस मंच में कांग्रेस के साथ ही परिवर्तन पार्टी सहित अन्य राजनीतिक दलों, वामपंथी संगठनों, नागरिक मंचों और संगठनों को शामिल किया जाएगा। बैठक में तय किया कि 21 को दून में प्रस्तावित सम्मेलन में एनआरसी, सीएए नहीं बल्कि रोजगार, सबका विकास, बेहतर स्वास्थ्य आदि की मांग सरकार से की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

जनहित से जुड़े मामले बहस का केंद्र नहीं

सरकार का ध्यान विकासपरक मुद्दों पर होना चाहिए। एनआरसी, सीएए जैसे मुद्दों के कारण जनहित से जुड़े मामले बहस का केंद्र नहीं बन रहे हैं। बैठक में सपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डा. एसएन सचान, सीपीआई के राज्य सचिव समर भंडारी, सीपीआईएम के वरिष्ठ नेता बची राम कंसवाल , माले के सचिव इंद्रेश मैखुरी सहित अन्य संगठनों के प्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए। 

किशोर के शामिल होने से सामने आ सकती है एक और खींचतान 

कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर का इस बैठक में शामिल होना भी कांग्रेस में एक नई खींचतान को जन्म दे सकता है। वनाधिकार आंदोलन के मामले में किशोर को प्रदेश कांग्रेस का खास सहयोग नहीं मिल पाया है। अब एक समन्वय मंच के प्रतिनिधि के रूप में सामने आने से कांग्रेस में सवाल उठाए जा सकते हैं। हालांकि, किशोर का कहना है कि उनकी कोशिश जनहित के मुद्दों को मुख्यधारा में लाने की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed