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एनआईवीएच के छात्रों ने की तालेबंदी, धरने पर बैठे
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 11 Jan 2017 01:34 PM IST
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- फोटो : aftab azmat/ amar ujala, dehradun
देहरादून के राजपुर रोड स्थित राष्ट्रीय दृष्टिबाधितार्थ संस्थान के छात्र कक्षाओं का बहिष्कार कर बाहर धरने पर बैठ गए। छात्रों का कहना है कि समस्याओं का समाधान न होने तक उनका धरना जारी रहेगा।
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राष्ट्रीय दृष्टिबाधितार्थ संस्थान (एनआईवीएच) से प्रशिक्षण ले रहे छात्र पाऊकेट मनी दस गुना कम करने और कोर्स की अवधि घटाए जाने से परेशान हैं। उनका आरोप है कि संस्थान प्रशासन ने जानबूझकर उनका जेब खर्च काट दिया है।
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दरअसल एनआईवीएच के प्रौदांध प्रशिक्षण में विभिन्न कोर्स में 165 दृष्टिबाधित प्रशिक्षण ले रहे हैं। छात्रों का कहना है कि उन्हें 2500 रुपये प्रतिमाह पॉकेट मनी मिलती थी। इसी पैसे में वह अलग अलग जगह पर परीक्षाओं में शामिल होने का भी खर्च चलाते थे।
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साथ ही जरूरत का सामान भी खरीदते थे। बीते आठ माह से उन्हें मात्र 250 रुपए ही दिए जा रहे हैं। जिससे उन्हें अत्यधिक परेशानी उठानी पड़ रही है। इतना ही नहीं जिस एक साल के कोर्स में उन्होंने दाखिला लिया उसे भी घटाकर छह माह कर दिया गया है।
पहले एक कोर्स करने के बाद दूसरे कोर्स में दाखिला मिल जाता था। लेकिन अब दो वर्ष का गैप अनिवार्य कर दिया गया है। इसके अलावा कुछ कोर्स में लैपटॉप भी छात्रों को उपलब्ध कराए जाते थे, अब वह भी नहीं मिल रहे हैं। इसके पीछे कम ग्रांट को वजह बताया गया है।
संस्थान की निदेशक अनुराधा सिंह के अनुसार कोर्स की अवधि व पॉकेट मनी स्किल डेवलपमेंट काउंसिल के निर्देश पर बदले गए हैं। छात्रों की दिक्कतों को देखते हुए केंद्र को पत्र भेज दिया है।