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देहरदून आपदा: लोगों के सिर पर टूटा आफत का पहाड़, गांव को मलबे में दबा देख नहीं रोक पाए अपने आंसू

Thu, 18 Sep 2025 07:14 PM IST
रेनू सकलानी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Thu, 18 Sep 2025 07:14 PM IST
सार

गांव को मलबे में दबा देख गांव वाले अपने आंसू नहीं रोक पा रहे हैं। उनकी आंखों के सामने बारिश का सैलाब सब कुछ बहा कर ले गया।

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Dehradun Flood People could not hold back their tears after seeing the village buried under rubble
आपदा प्रभावित क्षेत्र - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

बीते सोमवार-मंगलवार की रात सहस्रधारा के मजाडा और कार्लीगाड़ गांव में आई आपदा के बाद से ग्रामीणों में दहशत है। घर-खेत मलबे में दबने से उन पर आफत का पहाड़ टूट गया है। बुधवार को इन दुखों को भुलाकर ग्रामीण मवेशियों को चारा-पत्ती देने पहुंचे तो गांव का मंजर देख उनके आंसू छलक उठे।

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भले बुधवार को बारिश न होने से ग्रामीणों ने राहत की सांस ली लेकिन खतरा अभी टला नहीं है। इसे ध्यान में रखते हुए लोगों को वहां से होटल और स्कूल में शिफ्ट किया गया है। राजकीय प्राथमिक विद्यालय चौकी चूंगी, चामासारी से भी लोगों को दूसरे होटल में भेज दिया गया है। सेरा गांव के प्रधान संजय सिंह ने बताया कि ग्रामीणों को सहस्रधारा के दो, कुल्हान के एक और नागल हटनाल के कुछ होटलों में ठहराया गया है।
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कुछ ग्रामीण रिश्तेदारों व दूसरे गांव में गए हैं। मजाडा और कार्लीगाड़ को पूरी तरह से खाली कर दिया गया है। अब सिर्फ वहां रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। वहीं, मजाडा के ग्रामीण अरविंद ने बताया कि बुधवार को वह कुछ गांव वालों के साथ गांव पहुंचे और मवेशियों को चारा-पत्ती दिया। गजेंद्र ने कहा कि गांव को मलबे में दबा देख सभी गांव वाले आंसू नहीं रोक पाए। मवेशियों को चारा-पत्ती देने के बाद सभी लोग वापस होटल लौट आए।

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सहस्रधारा से आईटी पार्क तक पानी की किल्लत
आपदा के बाद से सहस्रधारा से लेकर आईटी पार्क तक पानी की किल्लत बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाते हुए कहा कि आपदा के बाद विभाग का कोई भी अधिकारी जल संकट दूर करने के लिए मौके पर नहीं पहुंचा। इस संबंध में कई बार शिकायत की जा चुकी है लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। स्थानीय निवासी निजी टेंकर के जरिये जल आपूर्ति कर रहे हैं। जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता राजीव सैनी ने कहा कि आपदा के चलते सहस्रधारा में लाइन क्षतिग्रस्त हुई है। इसके चलते आईटी पार्क तक पानी का संकट बढ़ा है। हालांकि इन इलाकों में टैंकर के माध्यम से जल आपूर्ति कराई जा रही है। साथ ही पाइप लाइनों को भी ठीक किया जा रहा है। बुधवार देर शाम तक कुछ लाइनों को ठीक कर लिया जाएगा।

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