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Uttarakhand: डीबीटी की सारी योजनाओं का लाभ एक क्लिक से देने की तैयारी, सीधे लाभार्थी के खाते में जाएगा पैसा

Fri, 21 Jun 2024 08:24 AM IST
रेनू सकलानी राकेश खंडूड़ी, अमर उजाला ब्यूरो , देहरादून
राकेश खंडूड़ी, अमर उजाला ब्यूरो , देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Fri, 21 Jun 2024 08:24 AM IST
सार

राज्य के 22 विभागों में 112 डीबीटी योजनाएं संचालित हो रही हैं। डीबीटी योजना होने के बावजूद लाभार्थी के खाते में पैसा पहुंचते-पहुंचते काफी देर हो जाती है। लेकिन अब शासन स्तर पर ही एक क्लिक के माध्यम से संबंधित विभाग की योजना से जुड़े सभी लाभार्थियों को एक साथ खाते में पैसा मिल जाएगा।

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DBT schemes Preparations are being made to provide benefits of all DBT schemes with just one click Uttarakhand
डीबीटी - फोटो : प्रतीकात्मक

विस्तार

उत्तराखंड सरकार प्रत्यक्ष लाभ अंतर (डीबीटी) वाली सभी योजनाओं का लाभ अब एक क्लिक से देने की तैयारी कर रही है। मौजूदा प्रक्रिया में योजना बेशक डीबीटी की है, लेकिन लाभार्थियों के खाते में पैसा कई चरणों से होकर पहुंचता है, जिसमें विलंब हो जाता है। इससे डीबीटी का उद्देश्य भी पूरा नहीं हो पा रहा है।

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लाभार्थी भी समय-समय पर ये मसला सरकार के समक्ष उठाते रहे हैं। मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने भी इस संबंध में शासन के अधिकारियों को निर्देश दिए थे। अब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी सचिव वित्त और सचिव आईटी को इसकी शीघ्र व्यवस्था बनाने को कहा है।

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वित्त विभाग के सूत्रों के मुताबिक, राज्य के 22 विभागों में 112 डीबीटी योजनाएं संचालित हो रही हैं।ये सभी कल्याणकारी योजनाएं हैं, जिनसे किसान, बागवान, समाज कल्याण विभाग के कई पेंशनर, स्कूल, कॉलेज और उच्च शिक्षण संस्थानों के छात्रों की छात्रवृत्ति, महिलाएं, खाद्य आपूर्ति विभाग के उपभोक्ता, भूतपूर्व सैनिक, स्वतंत्रता सेनानियों, खिलाड़ियों व अन्य वर्गों के लिए अलग-अलग योजनाएं संचालित हो रही हैं और इनके लाभ डीबीटी के माध्यम से भेजने की व्यवस्था है। अकेले समाज कल्याण विभाग में ऐसी 18 योजनाएं चिह्नित हैं।

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खाते में पहुंचते-पहुंचते हो जाती है देर

डीबीटी योजना होने के बावजूद लाभार्थी के खाते में पैसा पहुंचते-पहुंचते काफी देर हो जाती है। मिसाल के तौर पर समाज कल्याण विभाग के तहत दिव्यांगों, वृद्धों, विधवा को हर महीने पेंशन डीबीटी के माध्यम से ही जाती है, लेकिन शासन से वित्त विभाग इसे समाज कल्याण विभाग को भेजता है। समाज कल्याण विभाग इसे निदेशक समाज कल्याण को और वहां से यह जिला समाज कल्याण अधिकारियों के माध्यम से लाभार्थियों के खाते में जाती है।

एक क्लिक पर खाते में चला जाएगा पैसा

आईटी के सहयोग से वित्त विभाग ऐसी व्यवस्था बनाएगा कि शासन स्तर पर ही एक क्लिक के माध्यम से संबंधित विभाग की योजना से जुड़े सभी लाभार्थियों को एक साथ खाते में पैसा मिल जाएगा। सचिव वित्त को लाभार्थी के प्रमाणीकरण की प्रक्रिया में होने वाली देरी को दूर कर नया तंत्र विकसित करने के निर्देश जारी हो गए हैं। समस्या के समाधान के लिए सचिव वित्त की अध्यक्षता में एक प्रकोष्ठ बनेगा, जो यह व्यवस्था बनाने में सहयोग करेंगे।

मुख्यमंत्री धामी ने ये दिए हैं निर्देश

यह सुनिश्चित किया जाए कि सरकार की कई विभागों के माध्यम से चलाई जा रही जन कल्याणकारी योजनाओं की राशि लाभार्थी को डीबीटी के माध्यम से जल्द मिले। वित्त विभाग और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग इसकी त्वरित कार्यवाही करें। जन समस्याओं का समाधान शीघ्रता से किया जाए।

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मुख्यमंत्री की ओर से निर्देश प्राप्त हुए हैं। डीबीटी के माध्यम से सभी लाभार्थियों को जल्द लाभ मिले, इसकी शीघ्र व्यवस्था बना ली जाएगी। इस व्यवस्था के तहत शासन स्तर से ही एक ही बार में लाभार्थियों के खाते में धनराशि चली जाएगी। - शैलेश बगौली, सचिव, आईटी

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