केदारनाथ आपदा में बिछड़ी मासूम से रेप
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड के टिहरी में 10 साल की मासूम के साथ वहशीपने का मामला सामने आने से इलाके में सनसनी फैल गई। केदारनाथ जल प्रलय में अपने माता-पिता को खो चुकी 10 साल की अनाथ को इलाके के एक व्यक्ति ने अपनी हवस का शिकार बना लिया।
आपदा के लगभग 13 माह बाद अपने घर-परिवार का पता देने वाली बच्ची का पता मंगलवार को चला था। मेडिकल के बाद उसको देहरादून में बाल निकेतन भेजने की तैयारी थी। लेकिन मेडिकल जांच में उसके साथ रेप की पुष्टि होने पर इलाके में सनसनी फैल गई।
पीड़ित बालिका ने बताया कि दो-तीन दिन पहले इलाके के ही एक कबाड़ी मनीराम ने उसके साथ दुराचार किया। इसके बाद पुलिस ने मनीराम के खिलाफ रेप का मुकदमा दर्ज किया है।
आपदा ने निगल लिया था बच्ची का परिवार
इससे पूर्व अपनी आपबीती बताते हुए बिछड़ी बच्ची ने कहा था उसके पिता खच्चर चलाने के साथ ही खेती का काम भी करते थे। उनके खेतों में मटर, बैंगन और लहसुन होता था। आपदा के दिन वह खच्चर के साथ जंगल गई थी। घर लौटी तो देखा मकान ढह गया। मां, बाप, दादा-दादी, भाई-बहन कोई नहीं थे।
वह बताती है कि गांव के नजदीक एक छोटा सा मंदिर भी था। जहां वे रहते थे, वहां बर्फ भी गिरती थी। उसने अपने भाई-बहन के बारे में भी बताया। उसे हेलीकॉप्टर से सुरक्षित निकाला गया था।
वह एक साल से मेरठ और हरिद्वार में भटकती रही। मंगलवार को चंबा में लावारिस हालत में घूमते मिलने पर लोगों ने उसे पुलिस को सौंपा था। उधर, पुलिस का कहना है कि बालिका की गुमशुदगी कहीं दर्ज नहीं है।