दलित युवक के प्यार को बचाएगी खाकी
- तहसीलदार ने राजस्व दारोगा को दिए निर्देश
- चौबीस घंटे में रिपोर्ट देने को कहा
- दलित प्रेमी के घर पर प्रेमिका से मारपीट का मामला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बता दें कि शनिवार को लाखामंडल निवासी एक दलित महिला एडीएम झरना कमठान से कांडोईभरम खत निवासी एक सवर्ण जाति की युवती और उसके परिवार को कुछ लोगों से जान का खतरा बताते हुए सुरक्षा की गुहार लगाई थी।
शिकायती पत्र में महिला ने उसके पुत्र और सवर्ण जाति की युवती के बीच पिछले कुछ समय से प्रेम प्रसंग की बात बताई थी। बताया कि बीते 21 अप्रैल को युवती उसके बेटे से मिलने लाखामंडल आई हुई थी।
सरेआम घर से घसीटकर युवती को ले गए घरवाले
इसी से नाराज युवती के परिजन और अन्य ग्रामीण लाठी डंडों से लेस होकर 22 अप्रैल को उसके घर आ धमके। जहां उन्होंने युवती के साथ मारपीट की और उसे सरेआम घसीटकर अपने साथ ले गए।
दबंगों ने युवती को जान से मारने के साथ दलित प्रेमी और उसके परिवार को भी अंजाम भुगतने की चेतावनी दी। जिस पर एडीएम ने मामले की जांच तहसीलदार को सौंपी थी। जिस पर तहसीलदार ने राजस्व उपनिरीक्षक श्याम सिंह तोमर को युवती और दलित परिवार को सुरक्षा मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं।
उपनिरीक्षक का कहना है कि दोनों परिवारों के बयान दर्ज किए गए हैं। परिवार वालों को हिदायत दी गई है कि कानून के दायरे से बाहर कोई काम न किया जाए।