फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   minor students did criminal offence with another student

गर्दन पर चाकू रखकर नाबालिग छात्रों ने मांगी रंगदारी, करना चाहते थे मौज-मस्ती

Sat, 06 May 2017 12:02 PM IST
गर्दन पर चाकू रखकर नाबालिग छात्रों ने मांगी रंगदारी, करना चाहते थे मौज-मस्ती
गर्दन पर चाकू रखकर नाबालिग छात्रों ने मांगी रंगदारी, करना चाहते थे मौज-मस्ती Updated Sat, 06 May 2017 12:02 PM IST
विज्ञापन
minor students did criminal offence with another student
extortion

मौज-मस्ती और जरूरतों को पूरा करने के लिए रंगदारी करने का मामला सामने आया है। इसमें छह नाबालिग छात्र अपने एक साथी को डरा-धमकाकर लंबे समय से रकम वसूल रहे थे। अपने साथियों की मांग को पूरा करने के लिए पीड़ित बच्चा अपने घर से नकदी चोरी करने को भी मजबूर हुआ।

विज्ञापन


वाकये का पता चलने पर परिजनों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने वसूली करने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को थाने में तलब किया।

पीड़ित बच्चे का कहना है कि एक बार तो वसूली करने वाले बच्चों ने उसकी गर्दन पर चाकू भी रख दिया। ये बच्चे मन-माफिक रुपये न देने पर उसे (पीड़ित बच्चे) और उनके मम्मी-पापा को भी जान से मारने की बात कहते थे।

विज्ञापन

यहां जानिए, पूरा मामला

minor students did criminal offence with another student
Demo Pic

चंपावत जनपद के लोहाघाट में आदर्श कालोनी मोहल्ले में रहने वाले एक नाबालिग को नगर और ग्रामीण क्षेत्र के छह नाबालिग बच्चे पिछले करीब छह माह से प्रताड़ित कर रहे थे। उससे रोज रुपये की मांग करते थे। पीड़ित बच्चे के परिजनों ने बताया कि इस दौरान इन बच्चों ने उनके बेटे को डरा-धमकाकर करीब 30 हजार रुपये वसूल लिए।

बताया गया कि इस डर से बच्चा घर से रुपये चोरी करने को भी मजबूर हुआ। बच्चे ने किसी तरह हिम्मत जुटाकर परिजनों को आपबीती सुनाई। इसके बाद परिजनों ने पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी।

थानाध्यक्ष मीनाक्षी नौटियाल का कहना है कि आरोपी नाबालिग बच्चों और उनके अभिभावकों को थाने में बुलाया गया। पीड़ित बच्चे के पिता ने आरोपी बच्चों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई। एसओ का कहना है कि बच्चों और उनके अभिभावकों द्वारा भविष्य में इस प्रकार के काम न करने का लिखित भरोसा देने के बाद उन्हें छोड़ दिया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed