जायदाद के लिए सेना के जवान ने दी मां, भाई व भतीजे की 'बलि'
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देहरादून में प्रेमनगर के गार्ड राजेंद्र जोशी, मां कमला और बेटे भास्कर की हत्या उसके अपने ने ही कराई है? शनिवार को ऊधमसिंह नगर की पुलिस राजेंद्र जोशी के छोटे भाई फौजी दीपक जोशी और उसके दोस्त को उठाकर ले जाने से इस तरह की आशंका जताई जा रही है।
सूत्रों का दावा है कि साक्ष्य जुटाने के बाद ही पुलिस ने शनिवार को उन्हें हिरासत में ले लिया। हालांकि अधिकारी इस मामले में अभी कुछ भी कहने से बच रहे हैं। प्रेमनगर के श्यामपुर गांव निवासी गार्ड राजेन्द्र जोशी अपनी मां कमला और आठ साल के बेटे भास्कर के साथ 27 नवंबर को अपने लिए लड़की देखने को पिथौरागढ़ के लिए कार से निकला था।
काशीपुर तक तो परिवार सुरक्षित था, लेकिन बाद में उनके साथ अनहोनी हो गई। यूपी के रामपुर जिले के विलासपुर गांव में राजेंद्र जोशी की कार लावारिस मिली तो उनकी तलाश शुरू हुई। राजेन्द्र जोशी का छोटा भाई दीपक जोशी, जोकि उड़ीसा में सेना में तैनात है, अवकाश लेकर दून आया और मामले की पैरोकारी शुरू की।
भूपतलवाला, हरिद्वार और काशीपुर तक सीसीटीवी फुटेज खंगाली
पुलिस ने भाई दीपक जोशी के प्रार्थना पत्र पर मुकदमा दर्ज कर विवेचना रामपुर जिले की पुलिस को स्थानांतरित कर दी। बुधवार को सितारगंज में मिले बच्चे के शव की पहचान भास्कर के रूप में हुई तो ऊधमसिंह नगर पुलिस सक्रिय हो गई। इधर, देहरादून पुलिस भी चालक का पता लगाने के लिए भूपतलवाला, हरिद्वार और काशीपुर तक सीसीटीवी फुटेज खंगालती रही।
पुलिस को आशंका थी कि अनहोनी के पीछे घर में ही कोई वजह छिपी है, क्योंकि तमाम बिंदुओं पर जांच पड़ताल का नतीजा सिफर निकल रहा था। ऊधमसिंह नगर के एसएसपी केवल खुराना ने दून के एसएसपी सदानंद दाते से बात कर शनिवार को एक टीम को श्यामपुर गांव भेज दिया था।
दिन भर ऊधमसिंह नगर पुलिस स्थानीय पुलिस के साथ पूछताछ में जुटी रही। तीसरे पहर पुलिस राजेंद्र जोशी के भाई दीपक जोशी और उसके दोस्त संजीव को उठाकर साथ ले गई। इस साजिश में कई और भी लोग शामिल हैं।
संदिग्धों को पूछताछ के लिए ले गई पुलिस
पुलिस का प्रयास है कि राजेंद्र और उसकी मां कमला के शवों को बरामद करने के साथ दूसरे आरोपियों को पकड़ लिया जाए, ताकि पूरी कहानी साफ हो सके। हालांकि, अधिकारिक तौर पर कोई पुष्टि नहीं हो सकी है। अधिकारियों का कहना है कि मिले साक्ष्यों से उन पर शक गहरा रहा है। जब तक शव ना मिल जाए, कुछ भी कहना मुश्किल है।
जोशी परिवार से अनहोनी के मामले में आई ऊधमसिंह नगर पुलिस को स्थानीय पुलिस ने जांच में पूरा सहयोग किया है। वहां की पुलिस संदिग्धों को पूछताछ के लिए ले गई है।
- डॉ. सदानंद दाते, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक
मामले में शक के आधार पर कुछ लोगों से पूछताछ चल रही है। कुछ तथ्य सामने आए हैं, जिन पर काम चल रहा है। अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। उम्मीद है कि जल्द पूरे मामले की तस्वीर साफ हो जाएगी।
- केवल खुराना, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ऊधमसिंह नगर