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पहाड़ों पर भी गोवंश संरक्षण स्क्वाड करेगा कार्रवाई
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गोवंश संरक्षण स्क्वॉड अब देहरादून और हरिद्वार के साथ पहाड़ों पर कार्रवाई करेगा। इस संबंध में सोमवार को डीआईजी गढ़वाल रेंज करण सिंह नगन्याल ने निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने रेंज के सभी सातों जिलों में अवैध स्लाटर हाउस की सूची बनाने और पेशेवर अपराधियों पर नकेल कसने के आदेश दिए हैं।
डीआईजी गढ़वाल सोमवार को गोवंश संरक्षण अधिनियम स्क्वॉड के कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने बताया कि स्क्वॉड का गठन देहरादून और हरिद्वार में कार्रवाई के लिए हुआ था लेकिन अब जरूरत है कि पहाड़ों पर भी इसका दायरा बढ़ाया जाए ताकि वहां भी गोवंश तस्करी पर अंकुश लगाया जा सके। उन्होंने कहा कि पहले जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है यदि वह अब भी इस धंधे में लिप्त हैं तो उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट में कार्रवाई होगी।
बैठक में टीम ने अपनी मजबूरियों को भी गिनाया। उन्होंने कहा कि गोवंश के मांस के परीक्षण में देरी हो रही है। उसकी रिपोर्ट जल्दी प्राप्त नहीं होती। इस कारण भी कार्रवाई में देरी होती है। डीआईजी ने कहा कि जिला पुलिस अपने-अपने यहां पशु चिकित्सा अधिकारियों को पत्र लिखे ताकि परीक्षण की रिपोर्ट जल्द से जल्द प्राप्त हो सके। इसके साथ ही उन्होंने सातों जिलों में गोवंश कटान मामलों पर अंकुश लगाने के लिए सघन चेकिंग के निर्देश भी जारी किए।
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डीआईजी गढ़वाल सोमवार को गोवंश संरक्षण अधिनियम स्क्वॉड के कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने बताया कि स्क्वॉड का गठन देहरादून और हरिद्वार में कार्रवाई के लिए हुआ था लेकिन अब जरूरत है कि पहाड़ों पर भी इसका दायरा बढ़ाया जाए ताकि वहां भी गोवंश तस्करी पर अंकुश लगाया जा सके। उन्होंने कहा कि पहले जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है यदि वह अब भी इस धंधे में लिप्त हैं तो उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट में कार्रवाई होगी।
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बैठक में टीम ने अपनी मजबूरियों को भी गिनाया। उन्होंने कहा कि गोवंश के मांस के परीक्षण में देरी हो रही है। उसकी रिपोर्ट जल्दी प्राप्त नहीं होती। इस कारण भी कार्रवाई में देरी होती है। डीआईजी ने कहा कि जिला पुलिस अपने-अपने यहां पशु चिकित्सा अधिकारियों को पत्र लिखे ताकि परीक्षण की रिपोर्ट जल्द से जल्द प्राप्त हो सके। इसके साथ ही उन्होंने सातों जिलों में गोवंश कटान मामलों पर अंकुश लगाने के लिए सघन चेकिंग के निर्देश भी जारी किए।
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