उत्तराखंड में कोरोना: अब कम से कम 84 दिन बाद लगेगी कोविशील्ड की दूसरी डोज
केंद्र ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को पत्र जारी कर कहा है कि कोविडशील्ड के मामले में दो डोज के बीच का अंतर कम से कम 12 सेे 16 हफ्ते होना चाहिए जो पहले छह से आठ सप्ताह था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तराखंड में कोविशील्ड टीके की पहली डोज लेने वालों को अब दूसरी डोज के लिए अब दोगुना इंतजार करना होगा। केंद्र ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को पत्र जारी कर कहा है कि कोविडशील्ड के मामले में दो डोज के बीच का अंतर कम से कम 12 सेे 16 हफ्ते होना चाहिए जो पहले छह से आठ सप्ताह था।
उत्तराखंड में कोरोना: 24 घंटे में 7127 नए संक्रमित मिले, 122 मरीजों की हुई मौत
प्रदेश सरकार को केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण की ओर से मिले पत्र के मुताबिक कोविशील्ड टीके को लेकर राष्ट्रीय तकनीकी सलाहकार समिति ने नए वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर पहली और दूसरी डोज के बीच का अंतराल बढ़ाया है।
देहरादून में कोरोना: आसानी से नहीं मिल रही ब्रांडेड दवाएं, विशेषज्ञ बोले- जेनेरिक दवाओं का भी कर सकते हैं इस्तेमाल
इस बदलाव से प्रदेश में उन लोगों को इंतजार अब दोगुना हो गया है जो दूसरी डोज का इंतजार मई माह में कर रहे थे। प्रदेश में कोविशील्ड की पहली डोज अप्रैल माह में लगनी शुरू हुई थी। यह अभियान भी 45 से अधिक आयु वर्ग के लोगों के लिए था। परेशानी है कि इसी वर्ग के लिए टीकों की कमी है और राज्यों को ग्लोबल टेंडर पर भरोसा करना पड़ रहा है।
आसान नहीं होगा इस चुनती से पार पाना
अन्य कई राज्यों की तरह ही उत्तराखंड भी 45+ वर्ग के टीकों के लिए ग्लोबल टेंडर कर रहा है। अधिकारियों के मुताबिक इसमें समय को कम से कम करने की कोशिश की जा रही है। दूसरी ओर कोविशील्ड प्रदेश में करीब तीन लाख लोगों को लगाई जा चुकी है और इन लोगों को अब दूसरी डोज लगनी है।
कई केंद्रों से बिना टीका लगवाए लौटे लोग
कोरोना के टीकाकरण को लेकर लगातार लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है। कहीं टीके खत्म हो गए तो कहीं लोगों को ऑनलाइन स्लॉट बुक करने में दिक्कत आ रही है। बृहस्पतिवार को राजकीय एलोपैथिक अस्पताल राजपुर में बने टीकाकरण केंद्र में लोगों को टीका उपलब्ध न होने की वजह से लौटना पड़ा।
क्षेत्रीय पार्षद उर्मिला, सामाजिक कार्यकर्ता विशाल जैन और मुकेश सिंह ने बताया कि सरकार द्वारा टीके की पर्याप्त व्यवस्था न करने की वजह से लोग परेशान हैं। उन्होंने व्यवस्था को सुधारने की मांग की है। कांग्रेस महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा ने बताया कि पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री को एक पत्र भी भेजा गया है। पत्र में मांग की गई है कि बुजुर्गों के दूसरे टीकाकरण के साथ ही युवाओं को भी जल्द से जल्द टीके लगाए जाएं।
5100 को लगा कोरोना का टीका
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनूप कुमार डिमरी ने बताया कि बृहस्पतिवार को जिले में विभिन्न केंद्रों पर 5100 लोगों को टीका लगाया गया। इनमें से 18 से 44 साल तक की उम्र के 2568 युवाओं को टीका लगा। बाकी 2532 टीके अन्य विभिन्न आयु वर्ग के लोगों को लगाए गए।