Coronavirus in Uttarakhand : पचास दिन पहले की स्थिति में पहुंचा सक्रिय मरीजों का आंकड़ा
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प्रदेश में रिकवरी दर बढ़ने से सक्रिय मामलों का ग्राफ गिर रहा है। सक्रिय मरीजों का आंकड़ा पचास दिन पहले की स्थिति में पहुंच गया है। वर्तमान में 11.50 प्रतिशत सक्रिय मरीजों का उपचार चल रहा है। इसमें कई मरीज होम आइसोलेशन में हैं।
प्रदेश में कोरोना संक्रमण काल को 220 दिन का समय बीत गया है। पहला संक्रमित मामला 15 मार्च को मिला था। अनलॉक के बाद संक्रमित मामलों की रफ्तार बढ़ने से सक्रिय मामले भी 10 हजार पार कर गए थे, लेकिन वर्तमान में संक्रमितों की तुलना में ठीक होने वाले मरीजों की संख्या ज्यादा है। प्रदेश की रिकवरी दर भी पहली बार 88.50 प्रतिशत पहुंच गई है।
31 अगस्त को प्रदेश में सक्रिय मामलों की संख्या 5887 थी। वहीं, अब 5364 पर आ गई है। प्रभारी सचिव स्वास्थ्य डॉ. पंकज कुमार पांडेय का कहना है कि सैंपल जांच बढ़ रही है और संक्रमित मामलों में कमी आई है। रिकवरी दर में लगातार सुधार हो रहा है। कहा कि कोरोना संक्रमण का खतरा अभी खत्म नहीं हुआ है। संक्रमण से बचाव के लिए लोगों को अभी और सतर्क रहने की जरूरत है।
कोरोना अभी गया नहीं, सावधान रहने की जरूरत
सर्दियों के मौसम को देखते हुए जिलाधिकारी डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने लोगों से कोरोना के प्रति सावधान और सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि कोरोना अभी खत्म नहीं हुआ है, ऐसे में अधिक एहतियात बरतने की जरूरत है।
डीएम ने कहा कि मौसम में बदलाव हो रहा है। जिसके कारण सर्दी, खांसी, जुकाम होने की अधिक संभावना रहती है। इसे देखते हुए पहनावे व खान-पान में बदलाव करने की जरूरत है। देखा जा रहा है कि लोग सार्वजनिक स्थानों पर मास्क नहीं पहन रहे हैं।
जिन्होंने मास्क लगाए भी हैं तो उसे ठीक से नहीं पहना है। अभी कोरोना संक्रमण बरकरार है। ऐसे में जरा सी लापरवाही भारी पड़ सकती है। डीएम ने लोगों से गुनगुना पानी पीने, सुबह एक्सरसाइज, योग, मेडिटेशन के साथ ही पौष्टिक आहार लेने की अपील की है।