फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   coronavirus in uttarakhand : Corona positive case found in haridwar district After 32 days

Coronavirus: हरिद्वार जिले में 32 दिन बाद मिला आठवां कोरोना पॉजिटिव, टैक्सी और ट्रेन के लोगों की ट्रेसिंग शुरू

Wed, 20 May 2020 07:16 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रुड़की
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रुड़की Published by: अलका त्यागी Updated Wed, 20 May 2020 07:16 PM IST
सार

  • मुंबई से वाया दिल्ली से 14 मई को टैक्सी से रुड़की आया था युवक
  • देर रात रिपोर्ट आने के बाद बुधवार सुबह दून अस्पताल में कराया भर्ती
  • परिवार के आठ लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे, सभी होम क्वारंटीन

विज्ञापन
coronavirus in uttarakhand : Corona positive case found in haridwar district After 32 days
- फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

दो दिन पहले ही ग्रीन जोन घोषित हुए हरिद्वार जिले में 32 दिन बाद कोरोना का नया मरीज सामने आया है। 32 वर्षीय यह युवक 14 मई को मुंबई से वाया दिल्ली अपने घर रुड़की लौटा था। होम क्वारंटीन कर स्वास्थ्य विभाग ने 18 मई को उसका सैंपल जांच के लिए भेजा था। रिपोर्ट पॉजिटिव आते ही उसे दून अस्पताल में भर्ती करा दिया गया। साथ ही परिवार के नौ लोगों और एक नौकरानी समेत उसके संपर्क में आने वाले 14 लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। इनमें पांच दिन का एक नवजात भी शामिल है।

विज्ञापन


मंगलवार देर रात रुड़की क्षेत्र के मोहम्मदपुर निवासी युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। युवक 13 मई को ट्रेन से मुंबई से दिल्ली और 14 मई को टैक्सी से घर पहुंचा था। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने उसे होम क्वारंटीन कर 18 मई को सैंपल लेकर जांच को भेजा था। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद 20 मई को उसे दून अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्वास्थ्य विभाग ने युवक की पत्नी, माता-पिता, दो भाई, एक भाभी, एक बहन, पांच दिन के नवजात और घर में काम करने वाली नौकरानी का सैंपल जांच के लिए भेजा है।
विज्ञापन


युवक के चचेरे भाई के परिवार के पांच लोगों का भी सैंपल लिया गया है। उसका घर कॉलोनी से कुछ हटकर है। लिहाजा कॉलोनी को पाबंद नहीं किया गया है। एसपी देहात एसके सिंह ने बताया कि प्रशासन की ओर से जो भी निर्देश जारी होंगे, उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

टैक्सी और ट्रेन के लोगों की ट्रेसिंग शुरू

युवक मुंबई से जिस ट्रेन में आया था, टिकट के आधार पर उस ट्रेन के कोच में सवार यात्रियों को ट्रेस करने का काम शुरू कर दिया गया है। इसके अलावा जो टैैक्सी युवक को दिल्ली से रुड़की लेकर आई थी, उस चालक के बारे में भी दिल्ली प्रशासन को सूचना दी जा रही है।

ट्रेन में संक्रमित होने की आशंका
युवक के यात्रा इतिहास पर गौर करें तो यह सवाल महत्वपूर्ण हो गया है कि आखिर वह किस तरह संक्रमित हो गया। हालांकि, पूरी मुंबई कोरोना की चपेट में है।, लेकिन वहां के जिस होटल में युवक बतौर डिप्टी चीफ इंजीनियर काम कर रहा था, वह मार्च से ही क्वारंटीन सेंटर में तब्दील है। युवक ने बताया कि वह होटल में सुरक्षित तरीके से रह रहा था। ट्रेन और टैक्सी में यात्रा करते समय भी उसने सभी गाइडलाइन का पालन किया। लिहाजा आशंका जताई जा रही है कि युवक को ट्रेन में संक्रमण हुआ होगा। युवक ने बताया कि उसने ट्रेन में टॉयलेट आदि का इस्तेमाल किया था। ऐसे में हो सकता है कि वहां के दरवाजे या फिर किसी यात्री के संपर्क में आने से वह संक्रमित हुआ हो।

एक केस से नहीं बदलेगी श्रेणी

प्रदेश के चार मैदानी जिलों में से हरिद्वार में सबसे कम कोरोना संक्रमित मिले हैं। 18 अप्रैल के बाद से हरिद्वार में कोरोना संक्रमित का कोई मामला नहीं मिला। लगभग 32 दिनों के बाद संक्रमित व्यक्ति मिलने से स्वास्थ्य विभाग की मुश्किलें बढ़ गई हैं। अब जिले में कोरोना के मामलों की संख्या आठ हो गई है, लेकिन इसमें सात मरीज ठीक हो चुके हैं। मात्र एक एक्टिव मरीज ही अस्पताल में भर्ती है।

18 मई से पहले हरिद्वार रेड जोन में शामिल था, लेकिन 28 दिनों तक जनपद में कोई केस नहीं मिलने के कारण प्रदेश सरकार ने ग्रीन जोन घोषित किया। अब कोरोना संक्रमित मामलों पर रोक नहीं लगी तो हरिद्वार की श्रेणी बदल सकती है। अपर सचिव स्वास्थ्य युगल किशोर पंत का कहना है कि एक मामला आने से जोन नहीं बदल सकता है। आने वाले सोमवार को कोरोना संक्रमित मामलों के आधार पर जोन की समीक्षा की जाएगी।

राजस्थान से 350 लोग पहुंचे हरिद्वार

राजस्थान में फंसे उत्तराखंड के 350 लोगों को बुधवार को राजस्थान रोडवेज की सात बसों से हरिद्वार लाया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नारसन बॉर्डर पर सभी की थर्मल
स्क्रीनिंग कर हरिद्वार के लिए रवाना किया। एएसडीएम गोपाल सिंह चौहान ने बताया कि राजस्थान के अलग-अलग जिलों में उत्तराखंड के करीब 350 लोग फंसे थे। इन सभी को राजस्थान सरकार के सहयोग से सात बसों में हरिद्वार हरिद्वार लाया गया। नारसन बॉर्डर पर सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की गई। इसके बाद बसों को हरिद्वार के लिए रवाना किया गया।

उन्होंने बताया कि हरिद्वार से सभी लोगों को उनके जिले तक भेजा जाएगा। वहीं, नारसन बार्डर पर बाहरी राज्यों से आने वालों का सिलसिला जारी है। बुधवार शाम चार बजे तक यहां लगभग 550 लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग की गई। इस के साथ ही अस्थि विसर्जन के लिए भी लोग भारी संख्या में पहुंच रहे हैं। बुधवार को 104 लोग अस्थि विसर्जन के लिए हरिद्वार पहुंचे। नारसन बॉर्डर पर इनका रजिस्ट्रेशन और स्क्रीनिंग की गई।

तेलंगाना से आए दंपति का लिया सैंपल

लक्सर सीएचसी में बुधवार से कोरोना की जांच के सैंपल लेने का कार्य शुरू हो गया है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पहले दिन मुंडाखेड़ा खुर्द गांव में हैदराबाद से ससुराल आई विवाहिता का सैंपल लिया। सभी सैंपल जांच के लिए एम्स ऋषिकेश अस्पताल में भेजे जाएंगे।

मंगलवार को सीएचसी लक्सर में भी सैंपल कलेक्शन बूथ लगाया गया था। बुधवार से सैंपल लेने का काम शुरू हो गया। सीएचसी के चिकित्साधीक्षक डॉ. अनिल वर्मा ने कहा कि मुंडाखेड़ा खुर्द गांव में तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद से आई विवाहिता का पहला सैंपल लिया गया। इसके बाद दिल्ली से विवाहिता को लेकर लक्सर आए उसके पति का भी सैंपल लिया गया। इसके अलावा गुजरात, तेलंगाना, महाराष्ट्र से आने वालों के सैंपल लिए गए हैं, जो सीएमओ कार्यालय रोशनाबाद भेजे जा रहे हैं। वहां सैंपल ऋषिकेश एम्स में जांच के लिए भेजे जाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed