उत्तराखंड में टीकाकरण: जल्द पैसे देकर निजी अस्पतालों में लगवा सकेंगे कोविड वैक्सीन
प्रदेश के सरकारी टीकाकरण केंद्रों में वैक्सीन की कमी है। जिससे लोगों को वैक्सीन की पहली व दूसरी डोज लगाने के लिए चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
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उत्तराखंड में अब निजी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में कोविड वैक्सीन लगाई जाएगी। लेकिन वैक्सीन की डोज लगवाने के लिए पैसे देने होंगे। कोविशील्ड वैक्सीन निर्माता सीरम इंस्टीट्यूट पुणे ने निजी क्षेत्र को वैक्सीन उपलब्ध कराने के लिए इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) को पत्र भेजा है। सीरम इंस्टीट्यूट ने वैक्सीन की प्रति डोज की कीमत 600 रुपये निर्धारित की है।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) उत्तराखंड के प्रदेश सचिव डॉ.अजय खन्ना ने बताया कि सीरम इंस्टीट्यूट की ओर से निजी क्षेत्र में 600 रुपये प्रति वैक्सीन डोज उपलब्ध कराने के लिए आईएमए को प्रस्ताव दिया है। उन्होंने प्रदेश के सभी शाखाओं के अध्यक्ष व महासचिव को वैक्सीन की मांग भेजने को कहा है।
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वैक्सीन के लिए डिमांड ड्राफ्ट आईएमए के नाम से भेजना होगा। उन्होंने कहा कि आईएमए का प्रयास है कि एक जून 2021 से प्रदेश के निजी अस्पतालों व मेडिकल कालेजों में कोविड टीकाकरण शुरू किया जाए। जल्द ही आईएमए की ओर से प्रति वैक्सीन 600 रुपये के अलावा अस्पतालों का चार्जिंग शुल्क भी तय किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कोविड वैक्सीन को व्यवसाय नहीं बनाया जाएगा।
बता दें कि निजी अस्पतालों में वैक्सीन उपलब्ध होने से आर्थिक रूप से संपन्न लोगों को टीका लगाने में आसानी होगी। वहीं, सरकारी केंद्रों पर टीकाकरण के लिए भीड़ भी कम होगी।
टीकाकरण नहीं होने पर भड़के लोग
कोटद्वार में स्वास्थ्य विभाग की उदासीन कार्यप्रणाली क्षेत्र के लोगों पर भारी पड़ रही है। सोमवार को बेस अस्पताल के वैक्सीनेशन सेंटर पर दो घंटे से इंतजार कर रहे लोगों का टीकाकरण नहीं होने और उन्हें किसी प्रकार की जानकारी नहीं मिलने पर लोग भड़क गए। उन्होंने बेस अस्पताल के वैक्सीनेशन सेंटर के बाहर जमकर हंगामा काटा। इसके बाद हरकत में आया बेस अस्पताल प्रबंधन ने सेंटर के बाहर वैक्सीन समाप्त होने पर टीकाकरण नहीं होने की सूचना चस्पा की, तब जाकर लोग शांत हुए।
सोमवार को सुबह छह बजे लोग बेस अस्पताल के वैक्सीनेशन सेंटर पर पहुंच गए। आठ बजे तक वैक्सीन लगाने वाले स्टाफ के नहीं पहुंचने पर लोगों ने अस्पताल से वैक्सीनेशन की जानकारी लेनी चाही, लेकिन किसी ने लोगों को इसकी जानकारी नहीं दी। इस पर लोग भड़क गए। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन पर लोगों को परेशान करने का आरोप लगाते हुए हंगामा काटना शुरू कर दिया।
टीकाकरण करने पहुंचे जय कुमार भाटिया, अश्वनी कुमार और आलोक शर्मा ने स्वास्थ्य विभाग पर लोगों को भ्रमित करने का आरोप लगाया। कहा कि पिछले चार दिनों से कोटद्वार के पांच कोरोना टीकाकरण केंद्रों पर टीकाकरण का कार्य ठप पड़ा हुआ है। लोग टीकाकरण केंद्र में जा रहे हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को वैक्सीनेशन को लेकर किसी प्रकार की सूचना नहीं दिए जाने पर लोग घंटों इंतजार करके अपने घरों को लौट रहे हैं।
उधर, दुगड्डा ब्लाक के चिकित्साधिकारी डॉ. शैलेंद्र बड़थ्वाल ने बताया कि वैक्सीन समाप्त होने के कारण वैक्सीनेशन का कार्य नहीं हो पा रहा है। सरकार को वैक्सीन का ऑर्डर भेजा गया है। उपलब्ध होने पर लोगों को टीका लगाया जाएगा।