{"_id":"67bf778215bd2a208e0925d5","slug":"classes-will-be-conducted-in-the-new-building-vikas-nagar-news-c-5-1-drn1013-629015-2025-02-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: विद्यालय का भवन बनकर तैयार, नए सत्र से की जाएगी भवन में कक्षाएं संचालित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: विद्यालय का भवन बनकर तैयार, नए सत्र से की जाएगी भवन में कक्षाएं संचालित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीएम श्री अटल उत्कृष्ट इंटर कॉलेज सेलाकुई का नया भवन बनकर तैयार हो गया है। तीन करोड़ की लागत से बना यह भवन जल्द ही विद्यालय को हस्तांतरित हो जाएगा। नए सत्र से इसी भवन में कक्षाएं संचालित हाेंगी। वर्तमान में जिस भवन में विद्यालय चल रहा है उसकी क्षमता छात्र संख्या के हिसाब से बहुत कम है। इसके चलते एक कक्षा में 100-100 छात्र पढ़ रहे हैं। छात्र संख्या अधिक होने के चलते पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। अब जल्द ही छात्रों को समस्या से निजात मिल पाएगी।
पीएम श्री अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज सेलाकुई क्षेत्र का सबसे बड़ा इंटर कॉलेज है। इसमें श्रमिक परिवारों के बच्चे बड़ी संख्या में पढ़ने आते हैं। इसको देखते हुए शिक्षा विभाग ने विद्यालय को 2021 में सीबीएसई बोर्ड का दर्जा दिया था। ताकि छात्रों को अच्छी शिक्षा मिल सके। लेकिन, विद्यालय का भवन छोटा होने के कारण छात्रों को पढ़ाई में परेशानी हो रही थी। भवन में छात्र संख्या के हिसाब से प्रर्याप्त कक्ष नहीं थे। विद्यालय में छात्र-छात्राओं के लिए दो सेक्शन बनाए गए हैं। ऐसे में छात्र संख्या अधिक होने के कारण एक कक्षा में 100 छात्र-छात्राओं को बैठाना शिक्षकों की मजबूरी बन गई थी। प्रधानाचार्य यशवंत बर्थवाल ने बताया कि शिक्षा विभाग ने छात्र-छात्राओं की समस्या को देखते हुए नया भवन बनाया है। भवन बनकर तैयार हो गया है।
विज्ञापन
पीएम श्री अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज सेलाकुई क्षेत्र का सबसे बड़ा इंटर कॉलेज है। इसमें श्रमिक परिवारों के बच्चे बड़ी संख्या में पढ़ने आते हैं। इसको देखते हुए शिक्षा विभाग ने विद्यालय को 2021 में सीबीएसई बोर्ड का दर्जा दिया था। ताकि छात्रों को अच्छी शिक्षा मिल सके। लेकिन, विद्यालय का भवन छोटा होने के कारण छात्रों को पढ़ाई में परेशानी हो रही थी। भवन में छात्र संख्या के हिसाब से प्रर्याप्त कक्ष नहीं थे। विद्यालय में छात्र-छात्राओं के लिए दो सेक्शन बनाए गए हैं। ऐसे में छात्र संख्या अधिक होने के कारण एक कक्षा में 100 छात्र-छात्राओं को बैठाना शिक्षकों की मजबूरी बन गई थी। प्रधानाचार्य यशवंत बर्थवाल ने बताया कि शिक्षा विभाग ने छात्र-छात्राओं की समस्या को देखते हुए नया भवन बनाया है। भवन बनकर तैयार हो गया है।
विज्ञापन