Chardham Yatra: आपदा की स्थिति में समन्वय बनाकर निपटेंगे सभी विभाग, कल होगी मॉकड्रिल
सचिवालय में यूएसडीएमए की ओर से आयोजित टेबल टॉक में चारधाम यात्रा के दौरान किसी भी प्राकृतिक या मानव जनित आपदा के दौरान लाइन विभागों के अलावा जिलों की तैयारियों और पुलिस, सेना, वायु सेना, आपदा मोचन दलों के आलवा, अन्य अर्द्धसैनिक बलों की तैयारियों को साझा किया गया।
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आगामी चारधाम यात्रा के दौरान सभी लाइन विभाग आपसी तालमेल के साथ काम करेंगे। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आर्मी, पुलिस, सीआरपीएफ, वायुसेना, आईटीबीपी संयुक्त ऑपरेशन चलाएंगे। पहली बार इसके लिए उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (यूएसडीएमए) की ओर से राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण केंद्र सरकार के सहयोग से टेबल टॉक की गई है। इसके अलावा 20 अप्रैल को एक मॉक ड्रिल भी आयोजित की जाएगी।
सचिवालय में यूएसडीएमए की ओर से आयोजित टेबल टॉक में चारधाम यात्रा के दौरान किसी भी प्राकृतिक या मानव जनित आपदा के दौरान लाइन विभागों के अलावा जिलों की तैयारियों और पुलिस, सेना, वायु सेना, आपदा मोचन दलों के आलवा, अन्य अर्द्धसैनिक बलों की तैयारियों को साझा किया गया। चारधाम यात्रा के दौरान कोई भी प्राकृतिक अथवा मानव जनित घटना होने पर उससे कैसे निपटा जाएगा, इस विषय पर बातचीत की गई। इस दौरान पर्यटकों और तीर्थयात्रियों की जान-माल की सुरक्षा के मद्देनजर तमाम विभागों की ओर प्रस्तुतीकरण दिया गया। 20 अप्रैल को एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा, जिसमें यात्रा से जुड़े जिलों में संयुक्त अभ्यास किया जाएगा।
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टेबल टॉक के दौरान राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से विभिन्न घटनाओं की परिस्थितियां (त्वरित बाढ़, अग्नि, सड़क दुर्घटना, स्वास्थ्य संबंधी आपातकालीन स्थिति, भू-स्खलन आदि) दर्शाई गई। इसके बाद संबंधित जिलों और विभिन्न विभागों के उच्च अधिकारियों की ओर से इन परिस्थितियों से निपटने के लिए जनपद और विभागीय स्तर पर तैयारियों के बारे में विस्तार से बताया गया। इसके बाद इन तैयारियों को और बेहतर कैसे बनाया जाए, इस पर राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उच्च अधिकारियों की ओर से सुझाव दिए गए।
इस अवसर पर राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के सदस्य ले. ज. सयैद अता हसनैन, राजेन्द्र सिंह, कर्नल केपी सिंह, कर्नल नदीम अरशद, मेजर जनरल सुधीर बहल, सचिव आपदा प्रबंधन डाॅ. रंजीत कुमार सिन्हा, महानिरीक्षक, एसडीआरएफ रिद्धिम अग्रवाल, अपर सचिव आपदा प्रबंधन, डाॅ. आनंद श्रीवास्तव एवं आईआरएस विषेशज्ञ वीबी आदि उपस्थित रहे।
इन विभागाें ने लिया टेबल टॉक में भाग
सेना, एनडीआरएफ, आईटीबीपी, एसएसबी, एसडीआरएफ के अलावा महत्वपूर्ण लाइन विभागों मौसम विभाग, स्वास्थ्य विभाग, पुलिस विभाग, दूरसंचार विभाग और चारधाम यात्रा आयोजित करने वाले सात जिले चमोली, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, टिहरी के उच्च अधिकारियों के साथ यूएसडीएमए एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के पदाधिकारियों ने भाग लिया।
जोशीमठ में बनेगा संयुक्त कंट्रोल रूम
सचिव आपदा प्रबंधन डॉ. रंजीत सिन्हा ने बताया कि चारधाम यात्रा के दौरान चमोली जिले के जोशीमठ में संयुक्त कंट्रोल बनाया जाएगा। इस कंट्रोल रूम से एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, बीआरओ, आर्मी, पुलिस, सीआरपीएफ, वायुसेना, आईटीबीपी के अलावा सभी लाइन विभाग जुड़े होंगे। मानसून के दौरान इसका और भी विस्तार किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी की जाएगी एडवाइजरी
डॉ. सिन्हा ने बताया कि चारधाम यात्रा के दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से 55 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों के लिए एडवाइजारी जारी की जाएगी कि वह अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराने के बाद ही यात्रा पर आएं। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि यह यात्रा पर आने की जरूरी शर्त नहीं है।