फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Char dham yatra 2019 Badrinath dham Door open for pilgrims 

आज मेष लग्न में खुले पवित्र बदरीनाथ धाम के कपाट, पावन वेला के साक्षी बने हजारों भक्त

Fri, 10 May 2019 02:06 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बदरीनाथ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बदरीनाथ Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 10 May 2019 02:06 PM IST
विज्ञापन
Char dham yatra 2019 Badrinath dham Door open for pilgrims 
बदरीनाथ धाम के खुले कपाट - फोटो : अमर उजाला

बदरीनाथ धाम के कपाट ब्रह्म मुहूर्त में मेष लगन और पुनरवषु नक्षत्र में आज सुबह 4 बजकर 15 मिनट पर श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुल गए। अब ग्रीष्मकाल में छह माह तक भगवान बदरीनाथ की पूजा-अर्चना रावल (मुख्य पुजारी) ईश्वरी प्रसाद नंबूदरी संभालेंगे। आज तड़के भगवान बदरीनाथ और अखंड ज्योति के दर्शनों को धाम में करीब दस हजार तीर्थयात्री पहुंचे। तीर्थयात्रियों के जयकारों से बदरीशपुरी गुंजायमान रही। अखंड ज्योति के दर्शनों के लिए तीर्थयात्रियों के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। पहले दिन भक्तों भगवान के निर्वाण दर्शन हुए। श्रद्धालुओं ने अखंड ज्योति के दर्शन कर घृत कंबल का प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्य और पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक धाम में मौजूद रहे।

विज्ञापन

इस दौरान मंदिर के मुख्य पुजारी रावल द्वारा भगवान से घृत कंबल हटाया गया। इसके बाद माता लक्ष्मी की मूर्ति को बदरीनाथ मंदिर के गर्भ गृह से निकाल कर मंदिर परिसर स्थित लक्ष्मी मंदिर में विराज मान किया गया। इससे पूर्व मंदिर परिसर में गढ़वाल स्काउट के जवानों ने गढ़वाली धुनों से वातावरण को भक्ति मय बना दिया।

विज्ञापन


कपाट खुलने के साथ ही बदरीनाथ धाम की यात्रा शुरू हो गई है। इससे पहले गुरुवार को पांडुकेश्वर के योग ध्यान मंदिर से बदरीनाथ के रावल (मुख्य पुजारी) ईश्वरी प्रसाद नंबूदरी, नायब रावल शंकरन नंबूदरी, धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल और बदरीनाथ के वेदपाठी आचार्य ब्राह्मणों की अगुवाई में भगवान उद्धव व कुबेर जी की डोली, आदि गुरु शंकराचार्य की गद्दी व तेल कलश यात्रा (गाडू घड़ा) दोपहर बाद बदरीनाथ धाम पहुंचीं।

विज्ञापन
विज्ञापन


बदरीनाथ-केदरनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल, बदरीनाथ के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह के साथ ही अन्य बीकेटीसी कर्मचारियों व तीर्थयात्रियों ने रावल, शंकराचार्य गद्दीस्थल और गाडू घड़ा का फूल-मालाओं और बदरी विशाल के जयकारों के साथ स्वागत किया।

कपाट उदघाटन से पहले ये परंपराएं हुईं पूरी 

-रात सवा दो बजे-मंदिर कर्मचारी ड्यूटी पर तैनात। 
-रात सवा तीन बजे- बदरीविशाल के दक्षिण द्वार से भगवान कुबेर जी का प्रवेश। 
-3 से 3.30 बजे- विशिष्ट व्यक्तियों का गेट नंबर तीन से मंदिर में प्रवेश। 
-तड़के 3.45 बजे- रावल जी, धर्माधिकारी व वेदपाठियों का उद्धव जी के साथ मंदिर में प्रवेश। 
-तड़के 3.40 बजे- रावल और धर्माधिकारियों द्वारा द्वार पूजन। 
-सुबह 4 बजकर 15 मिनट- श्रद्धालुओं के लिए बदरीनाथ धाम के खुले कपाट
-पूर्वाह्न ग्यारह बजे से गर्भगृह में भगवान बदरीनाथ की पूजाएं होंगी शुरू।

असहाय और निर्धन यात्रियों को मिलेगी निशुल्क सेवा 

बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल ने कहा कि बदरी-केदार दर्शन को आने वाले श्रद्घालुओं के लिए बीकेटीसी के अतिथि गृहों और धर्मशालाओं को हाईटेक किया गया है। निर्धन और असहाय तीर्थयात्रियों के लिए निशुल्क आवासीय व्यवस्था होगी।

बदरीनाथ में ऐसे निर्धन तीर्थयात्रियों को भोजन भी निशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। शुद्ध पेयजल के लिए मंदिर समिति के अतिथि गृहों में आरओ लगाए गए हैं, जहां गरम और ठंडा पानी दिया जाएगा। बदरीनाथ और केदारनाथ में दर्शन के लिए लाइन में लगे यात्रियों को कॉफी और चाय दी जाएगी। 


लामबगड़ में जल पुलिस भी रहेगी तैनात
बदरीनाथ हाईवे पर भूस्खलन का खतरा टला नहीं है। लामबगड़ गदेरे में हाईवे बेहद खतरनाक बना हुआ है। हालांकि भूस्खलन जोन का ट्रीटमेंट कार्य भी जोरों पर है, लेकिन तीर्थयात्रियों को यहां बेहद सावधानी के आगे बढ़ना होगा। मौसम खराब होने पर लामबगड़, हाथी पर्वत और बैनाकुली में एसडीआरएफ की टीमें तैनात रहेंगी। लामबगड़ में तीर्थयात्रियों की मदद को जल पुलिस भी तैनात की गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed