टनकपुर-पीलीभीत ब्रॉडगेज पर ट्रेन संचालन शुरू, दिल्ली, मुंबई और देहरादून के लिए भी सुविधा जल्द
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टनकपुर-पीलीभीत ब्रॉडगेज पर बुधवार को उम्मीदों की ट्रेन दौड़ पड़ी। मीटर गेज की जगह ब्रॉडगेज लाइन बिछाने के काम के चलते करीब दो साल से इस रूट पर ट्रेनों का संचालन बंद था।
बुधवार को तय समय से करीब एक घंटा देरी से दोपहर 1:08 बजे केंद्रीय कपड़ा राज्यमंत्री अजय टम्टा ने उद्घाटन स्पेशल ट्रेन को डिजिटल रिमोट से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि बड़ी लाइन सीमांत क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होगी। जल्द ही टनकपुर से दिल्ली, मुंबई, देहरादून के लिए एक्सप्रेस ट्रेन सेवा शुरू कराई जाएगी, इसके लिए उनकी रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष से बात हुई है।
टम्टा ने कहा कि प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत पहाड़ के अंतिम गांवों तक सड़क पहुंचाने के लिए केंद्र ने पर्याप्त बजट दिया है। ढाई सौ जनसंख्या वाले गांवों को भी सड़क सुविधा से जोड़ा जा रहा है।
पूरे देश में अल्मोड़ा संसदीय क्षेत्र को सबसे ज्यादा बजट दिया गया है। केंद्र सरकार ने जहां चारधाम ऑल वेदर रोड का बजट नौ हजार करोड़ से बढ़ाकर 12 हजार करोड़ किया है, वहीं भारतमाला सड़क योजना में अल्मोड़ा संसदीय क्षेत्र की दस हजार करोड़ लागत की तीन सड़कें भी शामिल की हैं। बैजनाथ-बागेश्वर-कपकोट-शामा-मुनस्यारी-जौलजीबी, बैजनाथ-कर्णप्रयाग और अस्कोट-जौलजीवी-लिपुलेख तक सड़क बनाई जा रही है।
बड़ी लाइन पर ट्रेन संचालन के इस मौके का गवाह बनने के लिए बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। उद्घाटन समारोह में केंद्रीय बाल विकास मंत्री मेनका गांधी को भी आना था लेकिन ऐन मौके पर उनका कार्यक्रम रद्द हो गया। उन्होंने पीलीभीत के भाजपा नेता देवेंद्र सिंह टोनी को समारोह में शामिल होने के लिए भेजा।
कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य महेंद्र सिंह महरा एवं प्रदीप टम्टा भी उद्घाटन समारोह में शामिल नहीं हुए। स्पेशल ट्रेन में टनकपुर से 286 यात्री सवार हुए और टनकपुर स्टेशन को 3760 रुपये का राजस्व मिला, जबकि खटीमा स्टेशन को 124 यात्रियों से 1240 रुपये का राजस्व मिला। खटीमा में ट्रेन के स्वागत के लिए सैकड़ों लोग स्टेशन पर उमड़ पड़े।