Uttarakhand: बिल लाओ इनाम पाओ योजना जारी रहेगी या नहीं, सरकार लेगी फैसला, 31 मार्च को खत्म हो चुकी अवधि
जीएसटी बिल के प्रति जागरूक करने के लिए सितंबर 2022 में पहली बार बिल लाओ-इनाम पाओ योजना शुरू की। योजना को आगे भी जारी रखना है या नहीं। इसका फैसला अब सरकार लेगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सामान खरीद पर जीएसटी बिल लेने के लिए उपभोक्ताओं को प्रोत्साहित करने के मकसद से शुरू की गई बिल लाओ-इनाम पाओ योजना जारी रहेगी या नहीं। इस पर प्रदेश सरकार आचार संहिता हटने के बाद फैसला लेगी। यह योजना 31 मार्च 2024 को खत्म हो चुकी है। योजना में जीएसटी बिल भेजने वाले उपभोक्ताओं को मेगा ड्राॅ निकालने का इंतजार है।
प्रदेश सरकार ने जीएसटी संग्रहण से राजस्व बढ़ाने और उपभोक्ताओं को जीएसटी बिल के प्रति जागरूक करने के लिए सितंबर 2022 में पहली बार बिल लाओ-इनाम पाओ योजना शुरू की। इस योजना में बिलिप एप पर अपलोड सामान खरीद के जीएसटी बिल पर हर महीने लकी ड्रा निकाला कर 1500 विजेताओं को स्मार्ट फोन, घड़ी और इयर बड्स दिए जाते हैं।
उपभोक्ताओं के उत्साह को देखते हुए प्रदेश सरकार ने योजना को 31 मार्च 2024 तक बढ़ाया था। अब योजना की अवधि खत्म हो चुकी है। योजना जारी रहेगी या नहीं, इस पर आचार संहिता हटने के बाद प्रदेश सरकार फैसला ले सकती है।
योजना का संचालन निजी एजेंसी को देने पर विचार
राज्य कर विभाग में स्टाफ की कमी को देखते हुए बिल लाओ-इनाम पाओ योजना को संचालित करने का जिम्मा निजी एजेंसी को देने पर विचार किया जा रहा है। योजना में उपभोक्ताओं की ओर से भेजे गए एक-एक बिल की स्क्रूटनी करनी पड़ती है। इसके लिए विभाग में स्टाफ की कमी से कामकाज प्रभावित हो रहा है।
242 करोड़ मूल्य के 5.74 लाख बिल अपलोड
बिल लाओ-इनाम पाओ योजना में 83,325 जुड़े हैं। इनके माध्यम से 242 करोड़ मूल्य के 5.74 लाख बिल अपलोड किए गए। दिसंबर 2024, जनवरी व फरवरी 2024 के लकी ड्राॅ विजेताओं को पुरस्कार मिलने बाकी हैं। साथ ही मार्च महीने का लकी ड्राॅ नहीं निकला है। इसके बाद योजना का मेगा लकी ड्राॅ भी निकाला जाएगा। इसका उपभोक्ताओं का इंतजार है।
ये भी पढे़ं...Uttarakhand Fire News: धधक रहे जंगल, डरा रही गंगा से लेकर यमुनाघाटी तक की ये तस्वीरें...कब बुझेगी ये आग?
आचार संहिता के हटने के बाद ही बिल लाओ-इनाम पाओ योजना के विजेताओं को पुरस्कार दिए जाएंगे। योजना को आगे भी जारी रखना है या नहीं। इसका फैसला सरकार लेगी। उपभोक्ताओं को जीएसटी बिल के प्रति जागरूक करने में यह योजना सफल रही है। -अहमद इकबाल, राज्य कर आयुक्त