फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Big fraud Caught in vehicle Insurance in dehradun case filed on agent

देहरादूनः ट्रैक्टर के फर्जी इंश्योरेंस पर एजेंट पर मुकदमा, कर्मचारियों की भूमिका पर उठ रहे सवाल

Sat, 15 Feb 2020 03:00 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Sat, 15 Feb 2020 03:00 AM IST
सार

  • मालिक की शिकायत पर पकड़ी गई थी आरटीओ में रिश्वतखोरी
  • आरटीओ आफिस के बाहर बैठे एजेंट ने जारी किए थे फर्जी दस्तावेज

विज्ञापन
Big fraud Caught in vehicle Insurance in dehradun case filed on agent
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

विस्तार

ट्रैक्टर के इंश्योरेंस के फर्जी दस्तावेज बनाने के मामले में पुलिस ने एजेंट के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। ट्रैक्टर मालिक की शिकायत पर ही आरटीओ में रिश्वतखोरी पकड़ी गई थी। इसीलिए मामले में कर्मचारियों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। कुछ कर्मचारियों ने ही ट्रैक्टर मालिक को दफ्तर के बाहर बैठने वाले आरोपी एजेंट के पास भेजा था।

विज्ञापन


ट्रैक्टर मालिक अधोईवाला निवासी जुल्फिकार ने डालनवाला थाने में दर्ज कराए मुकदमे में बताया कि उन्होंने ट्रैक्टर का पंजीकरण कृषि से व्यवसायिक श्रेणी में कराने के लिए आरटीओ में आवेदन किया था। कर्मचारियों के बताने पर जुल्फिकार ने आरटीओ आफिस के बाहर एजेंट सिद्धांत से 18 नवंबर 2019 को ट्रैक्टर का इंश्योरेंस कराया था।
विज्ञापन


उन्होंने 19 नवंबर को इंश्योरेंस के कागजात आरटीओ आफिस में जमा कराए थे। इसी बीच पंजीक रण के बदले छह हजार रुपये की मांग करने पर जुल्फिकार ने विजिलेंस से शिकायत की थी। इसी आधार पर विजिलेंस ने संभागीय परिवहन अधिकारी के आफिस के एक बाबू और दो दलालों को गिरफ्तार किया था। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पीड़ित जुल्फिकार का कहना है कि तीन फरवरी को एआरटीओ की तरफ से उन्हें नोटिस मिला कि इंश्योरेंस के कागजात फर्जी है। इस पर उन्होंने एजेंट से बात की तो वह ना-नुकूर करने लगा। एसएसपी/डीआईजी अरुण मोहन जोशी ने शिकायत का संज्ञान लेकर डालनवाला पुलिस को मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया था।

ट्रैक्टर के फर्जी इंश्योरेंस का मामला बेहद गंभीर है। एजेंट और आरटीओ कर्मचारियाें की भूमिका की जांच की जा रही है। विवेचना में आने वाले साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पुलिस मामले में तह तक जाकर कार्रवाई करेगी।  
- अरुण मोहन जोशी, डीआईजी

‘परेशान करने के लिए किया फर्जीवाड़ा’

जुल्फिकार का आरोप है कि आरटीओ कर्मचारियों ने एजेंट के साथ सांठगांठ कर उसे प्रताड़ित करने के इरादे से यह फर्जीवाड़ा किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि विभागीय कर्मचारियों ने दस्तावेज जमा कराते समय जांच क्यों नहीं की? ट्रैक्टर और ट्राली का इंश्योरेंस एक ही एजेंट से कराया था। ट्रैक्टर का इंश्योरेंस फर्जी बताया गया है, जबकि ट्राली का इंश्योरेंस सही पाया गया।

दस्तावेज जमा कराने के तीन माह बाद विभाग ने उन्हें इंश्योरेंस फर्जी होने का नोटिस जारी किया। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, ताकि दोषियों को दंडित किया जा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि रिश्वत के संबंध में शिकायत करने के बाद से आरटीओ आफिस उनसे नाराज है। ऐसा प्रतीत होता है कि जानबूझकर यह खेल किया गया है।

राजधानी में चल रहा है फर्जी इंश्योरेंस काखेल 

शहर में एक सप्ताह में फर्जी इंश्योरेंस के दो मामले उजागर हुए हैं। ट्रैक्टर के फर्जी इंश्योरेंस के बाद उप परिवहन आयुक्त सुधांशु गर्ग ने चेकिंग के दौरान दूसरा मामला पकड़ा था। बृहस्पतिवार को एक वाहन स्वामी के पास बीमे के फर्जी दस्तावेज बरामद हुए थे। दोनों मामलों से जाहिर है कि राजधानी में इंश्योरेंस के फर्जी दस्तावेज बनाने का खेल चल रहा है। एसपी सिटी श्वेता चौबे ने बताया कि फर्जी इंश्योरेंस के नेटवर्क को ध्वस्त करने को विशेष टीम बनाई गई है।  

इंश्योरेंस कराते समय बरतें सतर्कता

फर्जी इंश्योरेंस का मामला उजागर होने के बाद पुलिस ने वाहन चालकों के लिए एडवाजइरी जारी की है। पुलिस अधीक्षक नगर श्वेता चौबे ने बताया कि बीमा अधिकृत एजेंट से ही कराएं। गली-मोहल्लों में टेबल लगाकर इंश्योरेंस करने वालों से परहेज करें। संबंधित एजेंट का वेरीफि केशन करने के बाद ही इंश्योरेंस कराएं। 

बड़ा हो सकता है फर्जीवाड़ा 

फर्जी इंश्योरेंस प्रकरण सामने आने के बाद आरटीओ आफिस को गहनता से जांच करानी होगी। अन्य वाहनों के दस्तावेजों में भी फर्जीवाड़े से इंकार नहीं किया जा सकता है। एआरटीओ द्वारिका प्रसाद ने अधिकारियों और कर्मचारियों को वाहनों के दस्तावेजों की गहनता से जांच के निर्देश दिए हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed