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Dehradun News: बिना वैध दस्तावेज भारत में घुसे बांग्लादेशी को 14 माह की कैद, जुर्माना भी लगाया
Wed, 29 Jul 2026 11:25 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देहरादून
संवाद न्यूज एजेंसी, देहरादून
Updated Wed, 29 Jul 2026 11:25 PM IST
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न्यायिक मजिस्ट्रेट जतिन मित्तल की अदालत ने बिना वैध पासपोर्ट और वीजा के भारत में प्रवेश करने के मामले में बांग्लादेश के टंगाइल (थाना सखीपुर) निवासी रुकुन रब्ब उर्फ शाह आलम को दोषी ठहराया। न्यायालय ने उसे पासपोर्ट अधिनियम और विदेशी अधिनियम की संबंधित धाराओं में 14 माह के कारावास और दो हजार रुपये कुल अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार, 11 जुलाई 2025 को सहसपुर कोतवाली क्षेत्र में पुलिस ने एक संदिग्ध युवक को बाबा के वेश में घूमते हुए पकड़ा था। तलाशी में उसके पास से कोई पासपोर्ट या वैध वीजा नहीं मिला। दुभाषिए की मदद से पूछताछ में उसके बांग्लादेशी नागरिक होने का पता चला। सुनवाई के दौरान अभियोजन ने विदेश मंत्रालय से प्राप्त सत्यापन रिपोर्ट और मजबूत दस्तावेजी साक्ष्य अदालत में पेश किए। न्यायालय ने साक्ष्यों को विश्वसनीय मानते हुए आरोपी को पासपोर्ट अधिनियम और विदेशी अधिनियम के तहत 14-14 माह की सजा और एक-एक हजार रुपये जुर्माना लगाया। अदालत ने स्पष्ट किया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी और न्यायिक हिरासत में बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया जाएगा।
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अभियोजन के अनुसार, 11 जुलाई 2025 को सहसपुर कोतवाली क्षेत्र में पुलिस ने एक संदिग्ध युवक को बाबा के वेश में घूमते हुए पकड़ा था। तलाशी में उसके पास से कोई पासपोर्ट या वैध वीजा नहीं मिला। दुभाषिए की मदद से पूछताछ में उसके बांग्लादेशी नागरिक होने का पता चला। सुनवाई के दौरान अभियोजन ने विदेश मंत्रालय से प्राप्त सत्यापन रिपोर्ट और मजबूत दस्तावेजी साक्ष्य अदालत में पेश किए। न्यायालय ने साक्ष्यों को विश्वसनीय मानते हुए आरोपी को पासपोर्ट अधिनियम और विदेशी अधिनियम के तहत 14-14 माह की सजा और एक-एक हजार रुपये जुर्माना लगाया। अदालत ने स्पष्ट किया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी और न्यायिक हिरासत में बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया जाएगा।
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