फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Badrinath Highway Tunnel will be built in Landslide areas Pagal Nala Uttarakhand News in Hindi

Badrinath Highway: यात्रा मार्ग पर परेशानी का सबब बने पागल नाला में बनेगी सुरंग, जाम में नहीं फंसेंगे यात्री

Tue, 12 Sep 2023 05:42 PM IST
अलका त्यागी प्रमोद सेमवाल, अमर उजाला, गोपेश्वर
प्रमोद सेमवाल, अमर उजाला, गोपेश्वर Published by: अलका त्यागी Updated Tue, 12 Sep 2023 05:42 PM IST
सार

सुरंग भूमिगत होगी या ओपन, इसके लिए राष्ट्रीय राजमार्ग और अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (एनएचआईडीसीएल) डीपीआर तैयार कर रहा है।

विज्ञापन
Badrinath Highway Tunnel will be built in Landslide areas Pagal Nala Uttarakhand News in Hindi
बदरीनाथ हाईवे पर पागल नाला - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर कई सालों से परेशानी का सबब बने पागलनाला में करीब 90 मीटर लंबी सुरंग का निर्माण होगा। तीन साल में सुरंग बनकर तैयार हो जाएगी। इसके बाद इस सुरंग के अंदर से ही यात्रा वाहन गुजरेंगे। सुरंग भूमिगत होगी या ओपन, इसके लिए राष्ट्रीय राजमार्ग और अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (एनएचआईडीसीएल) डीपीआर तैयार कर रहा है।

विज्ञापन


पागल नाला में वर्ष 1999 से लगातार भूस्खलन हो रहा है। यहां पास ही स्थित टंगणी गांव के साथ ही कृषि भूमि पर भी भू-धंसाव का खतरा बना हुआ है। वहीं पागल नाला में हाईवे पर टनों मलबा भर गया है, जिससे स्थानीय लोगों के अलावा बदरीनाथ धाम, हेमकुंड साहिब की यात्रा पर पहुंच रहे तीर्थयात्रियों के साथ ही फूलों की घाटी व अन्य पर्यटन स्थलों पर आ रहे पर्यटकों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन


Exclusive: उत्तराखंड के विभागों में 18,341 करोड़ की गंभीर वित्तीय गड़बड़ियां, वार्षिक लेखा रिपोर्ट में खुलासा
विज्ञापन
विज्ञापन


वाहन तीखी चढ़ाई पर जाकर फिर ढलान पर आवाजाही कर रहे हैं। समस्या को देखते हुए पूर्व में बीआरओ (सीमा सड़क संगठन) ने नाले में ह्यूम पाइप डालकर वाहनों की आवाजाही करवाई थी, लेकिन यह प्लानिंग फेल हो गई। लगातार नाले में मलबा और बोल्डर आने से अब एनएचआईडीसीएल ने यहां सुरंग निर्माण को ही एकमात्र विकल्प बताया है।

Trending Videos

मौसम सामान्य होने पर हटाया जाएगा मलबा
एनएनआईडीसीएल के उपमहाप्रबंधक शैलेंद्र कुमार ने बताया कि पागल नाला में करीब 90 मीटर लंबी सुरंग का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए कंसल्टेंट को जल्द मौके पर बुलाया जाएगा। साथ ही मौसम सामान्य होने पर नाले से मलबा और बोल्डर का पूरी तरह से निस्तारण किया जाएगा। यहां ह्यूम पाइप से वाहनों की आवाजाही करवाई जाएगी। इसके बाद सुरंग निर्माण को भारत सरकार की स्वीकृति मिलने पर शीघ्र निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई है कि तीन साल में यहां सुरंग निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।

बदरीनाथ हाईवे पर 18 भूस्खलन जोन
कमेड़ा से हेलंग तक बदरीनाथ हाईवे पर 18 भूस्खलन जोन हैं। जो इस बरसात में पूरी तरह से सक्रिय हैं। इनमें सबसे अधिक कमेड़ा, पर्थाडीप, छिनका, बिरही चाड़ा, पागलनाला, बैलाकूची, गुलाबकोटी, मैठाणा, हेलंग, भनेरपाणी (पीपलकोटी) आदि क्षेत्र संवेदनशील बने हुए हैं।

पागल नाला में 140 घंटे तक अवरुद्ध रहा बदरीनाथ हाईवे
पागल नाला में हर दिन वाहनों की आवाजाही बाधित हो रही है। बीते जुलाई से अभी तक तकरीबन 140 घंटे तक यहां वाहनों के पहिए थमे रहे। जोशीमठ के खंड विकास अधिकारी मोहन जोशी ने बताया कि मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र की पहल पर पागल नाला के इर्द-गिर्द वृहद पौधरोपण किया गया है। यहां गांव बचाओ अभियान के तहत संरक्षित प्रजाति के 800 पौधों का रोपण कर दिया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed