अमेरिकी महिला ने शिक्षण संस्थान के प्रोफेसरों पर लगाया यौन उत्पीड़न का आरोप, ई मेल में भेजा ये जवाब
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ई-मेल भेजकर एक उच्च शिक्षण संस्थान के प्रोफेसरों पर लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोप के बाद पुलिस के पूछे जाने पर अमेरिकी महिला ने जवाबी ई-मेल भेजा है। इसमें महिला ने कहा है कि लेक्चर के दौरान पूछे गए सवाल से उसने खुद को अपमानित महसूस किया। वहीं, इस जवाब ने पुलिस के सामने मुश्किल खड़ी कर दी है।
एसएसपी का कहना है कि जवाबी ई-मेल में आरोप न केवल अस्पष्ट हैं बल्कि उलझे हुए लग रहे हैं। लिहाजा इसकी बारीकी से जांच की जाएगी और आरोप साबित होने पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
अमेरिकी महिला ने पिछले दिनों यहां स्थित उच्च तकनीकी शिक्षण संस्थान के तीन प्रोफेसरों पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए पुलिस मुख्यालय को ई-मेल भेजा था। महिला से संपर्क नहीं हो पाने पर एसएसपी रिधिम अग्रवाल ने ई-मेल पर ही आरोपों के संबंध में जानकारी मांगी गई थी।
मामला साढ़े तीन साल पहले संस्थान में एक गेस्ट लेक्चर से जुड़ा है, जिसमें अमेरिकी महिला ने लेक्चर दिया था। इसके बाद छात्रों और प्रोफेसरों ने महिला से सवाल पूछे थे। बताया जा रहा है कि दो साल पहले भी महिला ने संस्थान प्रशासन से शिकायत की थी। इसके बाद संस्थान की शिकायत समिति में यह मामला गया, लेकिन समिति ने अमेरिकी महिला के आरोपों को निराधार बताते हुए नकार दिया था।
अब अमेरिकी महिला की ओर से ई-मेल भेजकर शिकायत करने से मामला फिर सुर्खियों में है। एसएसपी रिधिम अग्रवाल ने बताया कि कुछ दिन पूर्व अमेरिकी महिला ने जो जवाबी ई-मेल भेजा है, उसमें उसने लिखा है कि लेक्चर के दौरान उससे किए गए प्रश्न से उसने खुद को ह्यूमिलिएट फील (अपमानित) किया है।
सवाल पूछते वक्त प्रोफेसरों का उनकी ओर देखने के तरीके से वह असहज हो गई थी। एसएसपी ने बताया कि जिस तरह के आरोप प्रोफेसरों पर लगे हैं, उनकी बारीकी से पड़ताल की जरूरत है।
लिहाजा मामले से जुड़े सभी प्रोफेसरों और छात्रों के बयान दर्ज करने के साथ ही यह भी जानकारी जुटाई जाएगी कि महिला ने कितनी देर लेक्चर दिया और उससे किस तरह के और कितने प्रश्न पूछे गए। इसके बाद यदि किसी पर आरोप साबित होता है तो मुकदमा दर्ज किया जाएगा।