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आठ माह से गुमसुम थी मां की हत्यारोपी किशोरी
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ब्यूरो/अमर उजाला।
देहरादून। मां की हत्या के आरोप में बालिका निकेतन में रह रही किशोरी उस घटना के बाद से ही गुमसुम थी। वह न तो किसी से कुछ बोलती थी और न ही निकेतन के किसी कार्यक्रम में हिस्सा लेती थी। पुलिस रिकार्ड के अनुसार जब मां ने बेटी को गलत धंधे में उतारने का प्रयास किया था तो उसी के विरोध में किशोरी ने मां की पाठल से हत्या कर दी थी।
बालिका निकेतन में मृत पाई गई किशोरी को छह माह तक बालिका संरक्षण गृह में रखा गया। इसके बाद उम्र कम होने के कारण इसी महीने की तीन तारीख को कोर्ट के आदेश पर बालिका निकेतन भेजा गया। दोनों संस्थाओं के स्टाफ की मानें तो यह किशोरी गुमसुम रहती थी। यहां तक कि जब निकेतन में कोई कार्यक्रम होते थे, तब भी वह उनमें शामिल नहीं होती थी। पुलिस रिकार्ड की मानें तो यह किशोरी हरिद्वार के एक कस्बे की रहने वाली है। पिछले साल सितंबर में उसकी मां उसे वेश्यावृत्ति के धंधे में धकेलना चाहती थी। कई दिन तक किशोरी इसका विरोध करती रही। लेकिन, मां मानने को तैयार नहीं हुई। जब किशोरी को अपनी आबरू बचाने का कोई दूसरा रास्ता नहीं दिखा था तो उसने 19 सितंबर 2018 की रात को अपनी मां की पाठल से हत्या कर दी थी। पुलिस ने जांच के बाद बेटी को ही हत्यारोपी बनाया था। पुलिस ने इसे 25 सितंबर 2018 को गिरफ्तार किया था।
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देहरादून। मां की हत्या के आरोप में बालिका निकेतन में रह रही किशोरी उस घटना के बाद से ही गुमसुम थी। वह न तो किसी से कुछ बोलती थी और न ही निकेतन के किसी कार्यक्रम में हिस्सा लेती थी। पुलिस रिकार्ड के अनुसार जब मां ने बेटी को गलत धंधे में उतारने का प्रयास किया था तो उसी के विरोध में किशोरी ने मां की पाठल से हत्या कर दी थी।
बालिका निकेतन में मृत पाई गई किशोरी को छह माह तक बालिका संरक्षण गृह में रखा गया। इसके बाद उम्र कम होने के कारण इसी महीने की तीन तारीख को कोर्ट के आदेश पर बालिका निकेतन भेजा गया। दोनों संस्थाओं के स्टाफ की मानें तो यह किशोरी गुमसुम रहती थी। यहां तक कि जब निकेतन में कोई कार्यक्रम होते थे, तब भी वह उनमें शामिल नहीं होती थी। पुलिस रिकार्ड की मानें तो यह किशोरी हरिद्वार के एक कस्बे की रहने वाली है। पिछले साल सितंबर में उसकी मां उसे वेश्यावृत्ति के धंधे में धकेलना चाहती थी। कई दिन तक किशोरी इसका विरोध करती रही। लेकिन, मां मानने को तैयार नहीं हुई। जब किशोरी को अपनी आबरू बचाने का कोई दूसरा रास्ता नहीं दिखा था तो उसने 19 सितंबर 2018 की रात को अपनी मां की पाठल से हत्या कर दी थी। पुलिस ने जांच के बाद बेटी को ही हत्यारोपी बनाया था। पुलिस ने इसे 25 सितंबर 2018 को गिरफ्तार किया था।
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